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कोविड-19 पर पीआईबी का दैनिक बुलेटिन

Posted On: 19 JUN 2020 6:31PM by PIB Delhi

(बीते 24 घंटों में कोविड-19 से संबंधित जारी प्रेस विज्ञप्तियां, पीआईबी फील्ड कार्यालयों से इनपुट और पीआईबी द्वारा की गई तथ्यों की पड़ताल शामिल)

  • बीते 24 घंटों में 10386 कोविड-19 मरीज स्वस्थ हुए, जिससे कुल ठीक होने वालों की संख्या बढ़कर 2 लाख से ज्यादा और रिकवरी रेट 53.8 फीसदी हो गई।
  • केंद्रीय गृह मंत्री ने कोविड-19 से मुकाबले के लिए दिल्ली-एनसीआर की एकसमान रणनीति बनाने पर जोर दिया।
  • भारतीय रेलवे ने 5231 नॉन-एसी कोचों को आइसोलेशन कोचों में तब्दील कर दिया है; संक्रमण के जोखिम के कारण एसी कोच उपयुक्त नहीं होते हैं।
  • श्री रामविलास पासवान ने कहा है कि अनाज का पर्याप्त बफर स्टॉक मौजूद है और इस मुश्किल समय में कोई भी भूखा नहीं रहेगा।
  • केंद्र ने राज्यों से कोविड-19 के प्रबंधन के लिए कर्नाटक मॉडल अपनाने का सुझाव दिया है, जिसमें व्यापक स्तर पर संक्रमित मरीजों के संपर्कों का पता लगाना और घर-घर जाकर या फोन-आधारित सर्वे शामिल है।

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स्वास्थ् एवं परिवार कल्याण मंत्रालय से कोविड-19 पर अपडेट्स : भारत में अब दो लाख से अधिक लोग कोविड-19 से ठीक हुए; मरीजों के ठीक होने की दर बढ़कर 53.79 प्रतिशत हुई

 

पिछले 24 घंटों में कोविड-19 के 10,386 रोगियों के ठीक होने की पुष्टि के साथ अब तक कोविड-19 से ठीक होने वाले मरीजों की कुल संख्या 2,04,710 हो गई है। इसकी वजह से रोगियों के ठीक होने (रिकवरी) की दर बढ़कर 53.79 प्रतिशत हो गई है। वर्तमान में 1,63,248 सक्रिय मामले चिकित्सीय देखरेख में हैं। दैनिक आंकड़ों का रुझान बढ़ती रिकवरी दर और सक्रिय एवं ठीक हुए मामलों के बीच बढ़ते अंतर को बताता है। ठीक होने के मामलों के अनुपात में वृद्धि, भारत की कोविड-19 के लिए समयबद्ध प्रबंधन की रणनीति को दर्शाता है।

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सरकारी प्रयोगशालाओं की संख्या बढ़कर 703 और निजी प्रयोगशालाओं को बढ़ाकर 257 (कुल 960) कर दिया गया।

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केंद्र ने व्यापक स्तर पर संपर्कों का पता लगाने को आईटी-आधारित मॉडल तथा घर-घर जाकर सर्वेक्षण करने के लिए कर्नाटक सरकार की सराहना की

 

केंद्र सरकार ने कोविड -19 प्रबंधन के लिए कर्नाटक सरकार के प्रयासों की सराहना की है। इन प्रयासों में कोविड -19 पॉजिटिव मामलों के संपर्कों का व्यापक स्तर पर पता लगाना और घर-घर जाकर/ फोन-आधारित घरेलू सर्वेक्षण करना शामिल है। इसके अंतर्गत 1.5 करोड़ से अधिक परिवारों को कवर किया गया है। इन दो पहलों को राज्य सरकार के सम्पूर्ण दृष्टिकोण के रूप में विकसित किया गया है। इसके लिए बहु-क्षेत्रीय एजेंसियों की भागीदारी सुनिश्चित की गई है और प्रौद्योगिकी-आधारित समाधानों और तरीकों का उपयोग किया जा रहा है। केंद्र ने अन्य राज्यों से इन सर्वोत्तम तरीकों को अपने स्थानीय जरूरत के अनुरूप बदलाव करने और उन्हें कोविड-19 महामारी के बेहतर प्रबंधन के लिए अपनाने का अनुरोध किया है।

 

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केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के निर्देश पर दिल्ली में कोविड-19 प्रबंधन सुगम, स्वास्थ्य सर्वे से लेकर टेस्टिंग के साथ निजी अस्पतालों में मरीजों के उपचार की अधिकतम दरें निर्धारित

 

दिल्ली की जनता को कोविड संक्रमण में राहत प्रदान करने को लेकर मोदी सरकार की प्रतिबद्धता जताते हुए, केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की सलाह पर दिल्ली में कोविड-19 की स्थिति की स्वयं निगरानी कर रहे हैं। केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह की अध्यक्षता में दिल्ली में कोविड की स्थिति के संदर्भ में आयोजित बैठकों में दिए गए निर्देशों के अनुसार राजधानी दिल्ली के 242 कंटेनमेंट जोन में घर-घर स्वास्थ्य सर्वे का काम कल पूरा हो गया। इसमें कुल 2.3 लाख लोगों का सर्वे किया गया। इसके अलावा दिल्ली में टेस्टिंग क्षमता बढ़ाने और जांच के नतीजे जल्द देने के केंद्रीय गृह मंत्री के निर्देशानुसर कल से रैपिड ऐंटिजन प्रणाली से जांच शुरू की गई है। 193 टेस्टिंग केंद्रों पर कुल 7040 लोगों की जांच की जा चुकी है। आगामी दिनों में टेस्टिंग की संख्या और बढ़ाई जाएगी। साथ ही श्री अमित शाह द्वारा लिए गए निर्णयों के बाद सैम्पल टेस्टिंग तुरन्त दोगुनी की जा चुकी है। दिल्ली में 15 से 17 जून के दौरान 27,263 जांच के नमूने लिए गए हैं जबकि इससे पहले प्रतिदिन 4000-4500 सैम्पल लिए जाते थे।

 

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केंद्रीय गृह मंत्री ने कोविड-19 तैयारियों की समीक्षा के लिए एनसीआर के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की

 

केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने दिल्ली-एनसीआर में कोविड महामारी से निपटने के लिए एक साझा रणनीति पर ज़ोर दिया है। एनसीआर क्षेत्र में कोविड प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा के लिए कल बैठक की अध्यक्षता करते हुए श्री अमित शाह ने कहा कि एनसीआर की गहन नगर सरंचना को देखते हुए दिल्ली और एनसीआर के सभी संबंधित निकायों को एकजुट होकर काम करने की जरूरत है। गृह मंत्री ने कहा कि कोरोना पर नियंत्रण के लिए कोविड पॉजिटिव पाए गए लोगों की पहचान और इलाज के साथ ही अधिक से अधिक जांच करना आवश्यक है। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि इसके लिए मिशन मोड में काम करना होगा।

 

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एसी डक्ट के माध्यम से कोविड वायरस के संभावित संक्रमण के जोखिम को देखते हुए वातानुकूलित डिब्बे उपयुक्त नहीं

 

कोविड-19 से निपटने की क्षमता बढ़ाने के लिए, भारतीय रेलवे ने अपनी रेलगाड़ियों के 5231 गैर-वातानुकूलित डिब्बों को कोविड केयर सेंटर (सीसीसी) में परिवर्तित कर दिया है। ये सुविधाएं स्वास्थ् और परिवार कल्याण मंत्रालय तथा नीति आयोग द्वारा विकसित एकीकृत कोविड योजना का हिस्सा हैं और आमतौर पर इनका उपयोग तब किया जाता है जब राज्यों की ओर से दी जाने वाली सुविधाएं अपर्याप् हो जाती हैं। योजना के तहत यह भी तय किया गया कि इन डिब्बों में प्राकृतिक रूप से हवा और प्रकाश की पर्याप् सुविधा हो और ऐसे में यदि वातानुकूलित सुविधा उपलब् कराई जाए तो उसमें डक् नहीं हों। इन रेल डिब्बों को कोविड के मरीजों के अनुरूप बदलने का फैसला लेने से पहले नीति आयोग और स्वास्थ् तथा परिवार कल्याण मंत्रालय के साथ इन डिब्बों को वातानुकूलित रखने या नहीं रखने पर चर्चा की गई थी। अंत में इस बात पर सहमति बनी कि वातानुकूलित डिब्बे कोविड मरीजों के लिए सही नहीं होंगे क्योंकि इनमें लगे डक् के जरिए संक्रमण फैलने का खतरा रहेगा। यह माना गया कि आम तौर पर अधिक तापमान वाले परिवेश में वायरस से लड़ने में मदद मिलेगी और खुली खिड़कियों से हवा के परिसंचरण से मरीजों को लाभ होगा।

 

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रेहड़ी-पटरी वालों के लिए विशेष लघु-ऋण सुविधा योजना का शुभारंभ आत्मनिर्भर भारत की ओर प्रयास

 

आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय और भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) के बीच आज यहां एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। इसका उद्देश्य रेहड़ी-पटरी वालों (स्ट्रीट वेंजर्स) के लिए एक विशेष लघु-ऋण (माइक्रो क्रेडिट) सुविधा- प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) के लिए सिडबी को  कार्यान्वयन एजेंसी के रूप में शामिल करना है। सिडबी पीएम स्वनिधि योजना को आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय के मार्गदर्शन में लागू करेगा। यह सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों के लिए क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट (सीजीटीएमएसई) के माध्यम से ऋण प्रदाता संस्थानों को क्रेडिट गारंटी का प्रबंधन भी करेगा। यह एक विशिष्ट रूप से निर्मित और एकीकृत आईटी प्लेटफ़ॉर्म विकसित करेगा, जो शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी), ऋण प्रदाता संस्थानों, डिजिटल भुगतान संग्राहकों और अन्य हितधारकों के बीच कार्य और उनसे संबंधित जानकारियां प्राप्त करना सुनिश्चित करने के लिए पोर्टल और मोबाइल ऐप के माध्यम से सभी प्रक्रियाओं और शुरू से अंत तक कार्य संपादन के दस्तावेज तैयार करने सहित पूरा समाधान मुहैया कराएगा।

 

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प्रधानमंत्री ने वाराणसी में विविध विकास परियोजनाओं पर समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की

 

माननीय प्रधानमंत्री ने वाराणसी में प्रारंभ की गई विभिन्न विकास परियोजनाओं पर आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में प्रस्तुति के दौरान लेआउट के ड्रोन वीडियो का उपयोग करते हुए काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में हुई प्रगति पर भी प्रकाश डाला गया। कोविड के प्रभावी प्रबंधन की दिशा में किए गए प्रयासों पर भी चर्चा की गई। प्रधानमंत्री ने परीक्षण, ट्रेसिंग और रोगियों का अच्छा उपचार सुनिश्चित करने में आरोग्य सेतु ऐप के व्यापक और प्रभावी उपयोग पर प्रकाश डाला। भोजन, आश्रय और क्वारंटीन सेवाएं प्रदान करने के लिए जिला प्रशासन द्वारा किए गए प्रयासों की भी सराहना की गई। उन्होंने निर्देश दिया कि वापस लौटने वाले प्रवासी श्रमिकों की उपयुक्त स्किल मैपिंग का कार्य प्राथमिकता से  किया जाए और उन्हें उनके कौशल के आधार पर लाभकारी रोजगार प्रदान किया जाए। पीएम गरीब कल्याण योजना और संकट के समय में राज्य सरकार के नेतृत् वाली कोविड राहत योजनाओं के सकारात्मक प्रभाव के बारे में भी प्रतिक्रिया ली गई।

 

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अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) पर प्रधानमंत्री के संदेश का टीवी पर होगा प्रसारण

 

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का संदेश अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई), 2020 के अवसर पर होने वाले मुख्य कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण होगा। प्रधानमंत्री के संदेश को 21 जून, 2020 की सुबह 6.30 बजे टेलीविजन पर प्रसारित किया जाएगा। इस साल आईडीवाई को आयुष मंत्रालय द्वारा विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से व्यापक स्तर पर मनाया जा रहा है। पिछले वर्षों में हुए आईडीवाई के आयोजन के दौरान सार्वजनिक स्थलों पर हुए योग प्रदर्शन में हजारों लोगों ने सामंजस्य के साथ भाग लिया। वर्तमान में वैश्विक स्तर पर जारी स्वास्थ्य महामारी कोविड-19 के कारण इस साल ऐसे आयोजन पर जोर कम है और इस बार लोग अपने-अपने घरों से ही पूरे परिवार के साथ योग के माध्यम से भागीदारी करेंगे। महामारी के हालात में योग विशेष रूप से औचित्यपूर्ण हो जाता है, चूंकि इसके अभ्यास से शारीरिक और मानसिक दोनों स्वास्थ्य बेहतर होते हैं तथा लोगों की बीमारी से लड़ने की क्षमता में भी सुधार होता है।

 

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श्री रामविलास पासवान ने शेष 14 राज्यों/ केंद्रशासित प्रदेशों में एक देश एक राशन कार्ड स्कीम आरंभ करने पर चर्चा करने के लिए राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के खाद्य मंत्रियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस पर चर्चा की

 

केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री श्री रामविलास पासवान ने एक देश एक राशन कार्ड कार्यक्रम के जरिये एनएफएसए राशन कार्ड धारकों की राष्ट्रीय पोर्टेबिलिटी के कार्यान्वयन की प्रगति की समीक्षा करने के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से एक बैठक आयोजित की। इस बैठक का उद्देश्य 14 राज्यों/ केंद्रशासित प्रदेशों में एक देश एक राशन कार्ड सुविधा कार्यान्वित करने को लेकर उनकी तैयारी, कार्य योजना एवं एक संभावित समयसीमा को समझना था। श्री पासवान ने कहा कि कोविड-19 महामारी के समय में, यह योजना प्रवासी मजदूरों, फंसे हुए तथा जरुरतमंद लोगों के लिए ओएनओसी पोर्टेबिलिटी के जरिये खाद्यान्न के उनके कोटे की सुविधा को पाने में बेहद लाभदायक साबित हुई। उन्होंने कहा कि अगस्त 2020 तक तीन अन्य राज्य- उत्तराखंड, नगालैंड एवं मणिपुर राष्ट्रीय क्लस्टर से जुड़ जाएंगे और विभाग इस वर्ष के अंत तक ओएनओसी के तहत शेष सभी 14 राज्यों/ केंद्रशासित प्रदेशों को शामिल करने का सभी आवश्यक प्रबंध कर रहा है। श्री पासवान ने कहा कि बफर स्टॉक में पर्याप्त खाद्यान्न उपलब्ध है और उन्होंने आश्वासन दिया कि कोविड-19 महामारी के इस कठिन समय में कोई भी भूखा नहीं रहेगा।

 

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गौण वन उपज के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य से जनजातीय अर्थव्यवस्था में 2000 करोड़ रुप