प्रधानमंत्री कार्यालय

प्रधानमंत्री ने इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2020 को संबोधित किया

प्रधानमंत्री ने कहा - आइए हम भारत को दूरसंचार उपकरण, डिजाइन, विकास एवं विनिर्माण के लिए वैश्विक केंद्र बनाने के लिए मिलकर काम करें  

हमें भविष्य में लम्‍बी छलांग लगाने के लिए 5जी की समय पर शुरूआत सुनिश्चित करनी चाहिए : प्रधानमंत्री  

उन्‍होंने इलेक्ट्रॉनिक अपशिष्ट से बेहतर रूप से निपटने और सर्कुलर अर्थव्यवस्था बनाने के लिए टास्क फोर्स का आह्वान किया

Posted On: 08 DEC 2020 11:45AM by PIB Delhi

     प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने वीडियो कॉन्‍फ्रेंसिंग के माध्‍यम से वर्चुअल इंडिया मोबाइल कांग्रेस (आईएमसी) 2020 के उद्घाटन सत्र को संबोधित किया। आईएमसी 2020 का विषय : "समावेशी नवाचार - स्मार्ट, सुरक्षित, स्थायी" है। इसका उद्देश्य प्रधानमंत्री के 'आत्मनिर्भर भारत', 'डिजिटल समावेशिता', एवं 'सतत विकास, उद्यमिता और नवाचार' के विजन को बढ़ावा देने में मदद करना है। इसका उद्देश्‍य विदेशी और स्थानीय निवेश संचालित करना, दूरसंचार और उभरते हुए प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अनुसंधान तथा विकास को प्रोत्साहित करना भी है।

     इस आयोजन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने दूरसंचार उपकरण, डिजाइन, विकास एवं विनिर्माण के लिए भारत को एक वैश्विक केंद्र बनाने के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया। उन्‍होंने यह चेतावनी दी कि प्रौद्योगिकीय उन्‍नयन के कारण हमारे पास हैंडसेट्स और गैजेट्स बार बार बदलने की संस्‍कृति है। उन्‍होंने प्रति‍निधियों से यह विचार करने के लिए कहा कि क्‍या उद्योग इलेक्‍ट्रॉनिक अपशिष्‍ट से बेहतर रूप से निपटने और एक सर्कुलर अर्थव्‍यवस्‍था का सृजन करने के बारे में सोचने के लिए कार्यबल का गठन कर सकता है। उन्‍होंने भविष्‍य में लंबी छलांग लगाने के लिए 5जी का समय पर शुभारंभ सुनिश्चित करने और लाखों भारतीयों को सशक्‍त बनाने के लिए मिलकर काम करने का अनुरोध किया।

     प्रधानमंत्री ने कहा कि आ रही प्रौद्योगिकी क्रांति के साथ जीवन को बेहतर बनाने के बारे में सोचना और योजना बनाना बहुत महत्‍वपूर्ण है। उन्‍होंने कहा कि किसानों को बेहतर स्‍वास्‍थ्‍य देखभाल, बेहतर शिक्षा, बेहतर जानकारी और अवसरों तथा छोटे व्‍यापारियों को बेहतर बाजार पहुंच उपलब्‍ध कराना हमारे कुछ लक्ष्‍य हैं जिनके बारे में कार्य किया जा सकता है।

     प्रधानमंत्री ने दूरसंचार क्षेत्र के प्रतिनिधियों की सराहना करते हुए कहा कि महामारी के बावजूद दुनिया उनके नवाचार और प्रयासों के कारण काम करती रही। उन्‍होंने कहा कि उनके प्रयासों के कारण एक बेटा अलग शहर में रहने वाली अपनी माता के साथ जुड़ा रहा, एक विद्यार्थी कक्षा में गए बिना अपने शिक्षक से सीखता रहा, बीमार व्यक्ति ने घर बैठते हुए अपने डॉक्टर से सलाह मशवरा किया और एक व्यापारी दूसरे जगह के उपभोक्ता से जुड़ा रहा।

प्रधानमंत्री ने कहा कि टेक्नोलॉजी क्षेत्र के युवा लोगों के लिए कोड है जो उत्पाद को विशेष बनाता है, कुछ उद्यमियों के लिए यह विचार है जो अधिक महत्व रखता है, निवेशक सुझाव देते हैं कि एक उत्पाद के पैमाने के लिए पूंजी अधिक महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने बल देते हुए कहा कि अक्सर अपने उत्पादों के प्रति दृढ़ विश्वास युवाओं के लिए सर्वाधिक महत्व का होता है। कभी-कभार दृढ़ता मुनाफे के साथ बाहर निकलने और विशालता के बीच खड़ा हो जाती है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि मोबाइल टेक्नोलॉजी के कारण हम लाखों भारतीयों को कई बिलियन डॉलर के लाभ प्रदान करने में सक्षम हैं। हम महामारी के दौरान गरीबों और कमजोर लोगों को शीघ्रता से मदद करने में सक्षम रहे और हम लाखों कैशलेस लेनदेन देख रहे हैं जो औपचारिकता तथा पारदर्शिता को प्रोत्साहित करता है। उन्होंने कहा कि हम टोल बूथों पर सहज संपर्क रहित बनाने में सक्षम होंगे।

प्रधानमंत्री ने भारत में मोबाइल बनाने में प्राप्त सफलता पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मोबाइल उत्पादन के लिए भारत एक पसंदीदा स्थान के रूप में उभर रहा है। उन्होंने बताया कि भारत में दूरसंचार उपकरण उत्पादन को प्रोत्साहित करने के लिए उत्पादकता से जुड़ी प्रोत्साहन योजना शुरू की गई। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य अगले तीन वर्षों में प्रत्येक गांव में हाई स्पीड की फाइबर ऑप्टिक कनेक्टिविटी देना है। उन्होंने कहा कि इस दिशा में उन स्थानों पर विशेष रूप से फोकस किया जा रहा है जो ऐसी कनेक्टिविटी का सर्वाधिक लाभ उठा सकें- आंकाक्षी जिले, चरम पंथ प्रभावी जिले, पूर्वोत्तर राज्य, लक्ष्यद्वीप आदि। उन्होंने कहा कि निर्धारित लाइन की ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी तथा सार्वजनिक वाई-फाई हॉटस्पॉट का विस्तार सुनिश्चित किया जाएगा।

***

एमजी/एएम/एजी/आईपीएस/एसके/सीएल



(Release ID: 1679085) Visitor Counter : 133