कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय

बजट के बाद संगोष्ठी: मजबूत उद्योग-कौशल संबंध को बढ़ावा देना

Posted On: 20 FEB 2022 12:46PM by PIB Delhi

शिक्षा और कौशल क्षेत्र के लिए बजट 2022 सही रूप में पहुंच बढ़ाने,  गुणवत्तापूर्ण शिक्षा में सुधार, क्षमता निर्माण और डिजिटल कौशल के लिए उचित प्रणाली को मजबूत करने पर केंद्रित है। इसके अलावा, बजट में घोषित पहलों के प्रभावी कार्यान्वयन के तरीकों पर विचार-मंथन और चर्चा करने के लिए कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय (एमएसडीई) और शिक्षा मंत्रालय अन्य मंत्रालयों के साथ मिलकर ‘मजबूत उद्योग-कौशल संबंध को बढ़ावा देने की ओर’ विषय पर स्किल इंडिया वेबिनार सत्र आयोजित कर रहा है। वेबिनार का आयोजन सोमवार, 21 फरवरी, 2022 को दोपहर 12:15 बजे से दोपहर 2:15 बजे तक होगा। वेबिनार में सरकारी अधिकारी, उद्योग विशेषज्ञ और प्रमुख उद्योग संघों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। यह सत्र प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा उद्घाटन किए जा रहे सेमिनारों की एक श्रृंखला का एक हिस्सा है। वह 'डिजिटल यूनिवर्सिटी: मेकिंग वर्ल्ड क्लास हायर एजुकेशन ऐक्सेसबल फॉर ऑल' विषय पर पहले वेबिनार को संबोधित करेंगे।

 

स्किल इंडिया वेबिनार की सह-अध्यक्षता श्री अरविंद सिंह, सचिव, पर्यटन मंत्रालय; श्री राजेश अग्रवाल, सचिव, एमएसडीई और श्री अनुराग जैन, सचिव, डीपीआईआईटी करेंगे। सत्र के लिए पैनल में श्री एन. एस कलसी, अध्यक्ष, राष्ट्रीय व्यावसायिक शिक्षा और प्रशिक्षण परिषद (एनसीवीईटी); श्री अंबर दुबे, संयुक्त सचिव, नागरिक उड्डयन मंत्रालय और श्री मनीष सभरवाल, उपाध्यक्ष, टीमलीज सर्विसेज शामिल हैं। इस सत्र का संचालन राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (एनएसडीसी) के सीओओ श्री वेद मणि तिवारी करेंगे।

 

सत्र के दौरान, डिजिटल कौशल को बढ़ाकर कौशल विकास के लिए उचित प्रणाली को मजबूत करने के व्यापक पहलुओं पर चर्चा की जाएगी। इस सत्र के लिए बने पैनल में शामिल दिग्गज बजट 2022 में हमारे वित्त मंत्री द्वारा हाल ही में की गई घोषणाओं पर अपने विचार साझा करेंगे, जिसमें डीईएसएच (डेश) स्टैक पर विचार-विमर्श शामिल है। इसका उद्देश्य डिजिटल प्रशिक्षण के माध्यम से नागरिकों को उनका कौशल बढ़ाने (स्किल), उनके कौशल को धार देने (रिस्किल) या खुद को कौशल युक्त करने के लिए (अपस्किल) सशक्त बनाना है। इसके अलावा, सत्र में राष्ट्रीय कौशल योग्यता फ्रेमवर्क (एनएसक्यूएफ) के सफल कार्यान्वयन के पहलुओं पर विचार किया जाएगा जिसका लक्ष्य गतिशील उद्योग की जरूरतों को पूरा करना, ड्रोन शक्ति योजना के माध्यम से उभरती प्रौद्योगिकियों का विस्तार करना और प्रशिक्षण को बढ़ावा देना है। इससे घरेलू विनिर्माण को बढ़ाने और रोजगार पैदा करने में मदद मिलेगी। सत्र के दौरान पीएम गति शक्ति कार्यक्रम से जुड़े पहलुओं पर भी चर्चा की जाएगी। सत्र में पर्यटन और लॉजिस्टिक्स जैसे क्षेत्रों पर भी ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

 

सत्र के इंटरैक्टिव मोड में शामिल होने वाले प्रतिभागी हैं:

 

  1. कर्नल पंकज फोतेदार, सीओओ, जियोकनो
  2. डॉ. शंकर गोयनका, डब्ल्यूओडब्ल्यू फैक्टर्स इंडिया के प्रबंध निदेशक
  3. रचित भटनागर, सीईओ - एयरोस्पेस एंड एविएशन एसएससी
  4. कैप्टन गौरव नाथ, सीईओ क्लियरस्काईज एविएशन ओपीसी प्राइवेट लिमिटेड
  5. स्मित शाह, डायरेक्टर ऑफ पार्टनरशिप्स, ड्रोन फेडरेशन ऑफ इंडिया
  6. सुजीत नायर, बेकन फाउंडेशन
  7. आनंद गौतम, एकस्टेप फाउंडेशन
  8. सुजीत सूर्यवंशी, प्रोटिएन ई-गॉव टेक्नोलॉजीज लिमिटेड
  9. अभय करंदीकर, निदेशक, आईआईटी कानपुर
  10. डॉ. सतेंद्र आर्य, सीईओ - भारतीय कृषि कौशल परिषद

 

 

इस वेबिनार में भाग लेने वाले मंत्रालय और विभाग हैं- शिक्षा मंत्रालय (एमओई) के तहत उच्च शिक्षा विभाग, स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय (एमएसडीई), इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय, आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय, नागरिक उड्डयन मंत्रालय, उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग, दूरसंचार विभाग, भास्कराचार्य राष्ट्रीय अंतरिक्ष अनुप्रयोग और भू-सूचना विज्ञान संस्थान (बीआईएसएजी-एन), पर्यटन मंत्रालय, आर्थिक मामलों के विभाग, शैक्षणिक और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय।

 

सत्र में शामिल होने के लिए कृपया https://youtu.be/RAk0cgw8itY पर क्लिक करें

*****

एमजी/एएम/एके/एके



(Release ID: 1799878) Visitor Counter : 290