निर्वाचन आयोग
azadi ka amrit mahotsav

मुख्य चुनाव आयुक्त(सीईसी) ज्ञानेश कुमार ने सूचित लोकतांत्रिक भागीदारी को मजबूत करने के लिए शिक्षा जगत का आह्वान किया

प्रविष्टि तिथि: 17 AUG 2026 7:41PM by PIB Delhi
  1. भारत निर्वाचन आयोग(ईसीआई) ने आज पटना के ज्ञान भवन में आयोजित "इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब्स एंड ईसीआईनेट" सम्मेलन के दौरान इलेक्टोरल लिटरेसी क्लबों(एलसी 2.0) का शुभारंभ किया। मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि शैक्षणिक संस्थान चुनावी प्रक्रियाओं में विश्वास मजबूत करने, चुनावी साक्षरता बढ़ाने और सूचित लोकतांत्रिक भागीदारी को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
  2. मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने अपने उद्घाटन संबोधन में कहा कि भारत में चुनाव पूरी तरह से संविधान, कानून और निर्वाचन आयोग(ईसीआई) द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार आयोजित किए जाते हैं, चुनाव प्रक्रिया के सभी चरणों में राजनीतिक दलों, उम्मीदवारों या उनके प्रतिनिधियों की निगरानी के साथ इसे पारदर्शी तरीके से संचालित किया जाता है। उन्होंने छात्रों और युवा मतदाताओं को चुनावी प्रणाली, लोकतांत्रिक मूल्य, मतदाता पंजीकरण, मतदान एवं मतगणना प्रक्रिया तथा भारत निर्वाचन आयोग की भूमिका और कार्यप्रणाली से परिचित कराने की आवश्यकता पर बल दिया।
  3. युवा नागरिकों की भागीदारी के महत्व पर जोर देते हुए, मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया में उनका विश्वास और सूचित भागीदारी लोकतंत्र के भविष्य में एक महत्वपूर्ण निवेश है।
  4. इस अवसर पर इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब के नए लोगो का भी अनावरण किया गया। इसकी नई टैगलाइन “लोकतंत्र सीखें। लोकतंत्र का नेतृत्व करें” का उद्देश्य युवाओं और पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं को न केवल लोकतंत्र को समझने, बल्कि इसमें सार्थक रूप से भाग लेने और इसकी प्रगति में अपना योगदान देने के उद्देश्य को मजबूत करती है।
  5. कार्यक्रम की शुरुआत में, मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने नालंदा के राजगीर स्थित अंतरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में बूथ स्तर के अधिकारियों(बीएलओ) के साथ एक बैठक की। 16-17 अगस्त 2026 को अपने दो दिवसीय बिहार दौरे के दौरान, सीईसी ने मधुबनी, वैशाली और नालंदा में जमीनी निरीक्षण भी किया।
  6. ईएलसी 2.0 इलेक्टोरल लिटरेसी क्लबों को स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में सुव्यवस्थित, सशक्त और डिजिटल रूप से सक्षम मंच के रूप में नए तरीके से प्रस्तुत करता है। इस पहल का उद्देश्य युवा नागरिकों के बीच चुनावी साक्षरता को बढ़ावा देने और उनके परिवारों, शैक्षणिक संस्थानों तथा समुदायों में चुनावी जागरूकता फैलाने के लिए वर्ष भर निरंतर गतिविधियां आयोजित करना है।
  7. ईएलसी 2.0 व्यापक ईसीआईनेट डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करेगा, जो मतदाता सूची से लेकर मतदान तक चुनाव से जुड़ी सेवाएं एक ही क्लिक में उपलब्ध कराता है। ईसीआईनेट पर एक समर्पित ईएलसी पोर्टल के माध्यम से पूरे भारत में ईएलसी का एक सुव्यवस्थित नेटवर्क तैयार किया जाएगा।
  8. यह पहल भारत के व्यापक शैक्षणिक व्यवस्था को देखते हुए काफी महत्वपूर्ण है, जिसमें लगभग 15 लाख स्कूल, करीब 25 करोड़ छात्र और एक करोड़ से अधिक शिक्षक शामिल हैं। वहीं, उच्च शिक्षा क्षेत्र में लगभग 1,500 विश्वविद्यालय और करीब 70,000 शैक्षणिक संस्थान हैं, जिनमें अनुमानित 4.33 करोड़ छात्र नामांकित हैं।
  9. इस व्यापक संस्थागत नेटवर्क के माध्यम से ईएलसी 2.0 का उद्देश्य तथ्यात्मक एवं व्यावहारिक चुनावी शिक्षा को बढ़ावा देना, भारत की चुनावी प्रणाली की पारदर्शिता, निष्पक्षता और विश्वसनीयता के बारे में जागरूकता बढ़ाना तथा युवा नागरिकों को सूचित लोकतांत्रिक भागीदारी के दूत बनने के लिए प्रोत्साहित करना है।
  10.  ईएलसी चुनावी प्रक्रिया के विभिन्न चरणों, जैसे मतदाता पंजीकरण, मतदान और मतगणना, से संबंधित जानकारी प्रसारित करने के साथ-साथ 'ईसीआईनेट ऐप' और निर्वाचन आयोग की अन्य प्रमुख पहलों के बारे में जानकारी प्रसारित करने के लिए एक मंच के तौर पर कार्य करेंगे।

***

पीके/केसी/पीकेपी/एसएस


(रिलीज़ आईडी: 2300679) आगंतुक पटल : 88
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Gujarati , Tamil