श्रम और रोजगार मंत्रालय
एनसीएस पोर्टल
राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल ने स्थापना के बाद से 10.05 करोड़ से अधिक रिक्तियों को जुटाया
स्थापना के बाद से राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल पर 6.64 करोड़ से अधिक रोजगार के इच्छुक व्यक्तियों ने पंजीकरण कराया
15 जुलाई, 2026 तक राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल पर 17.68 लाख से अधिक सक्रिय रिक्तियां उपलब्ध
राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल और निजी भागीदारों के बीच अब तक 40 से अधिक समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए
प्रविष्टि तिथि:
05 AUG 2026 8:58AM by PIB Delhi
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, रोजगार की इच्छा रखने वालों और नियोक्ताओं की सुविधा के लिए राष्ट्रीय रोजगार सेवा लागू कर रहा है, ताकि रोजगार चाहने वालों का पंजीकरण, उद्यमों से रिक्तियों का संग्रह, व्यावसायिक एवं परामर्श मार्गदर्शन आदि जैसी रोजगार सहायता सेवाएं प्रदान की जा सकें। राष्ट्रीय रोजगार सेवा को राष्ट्रीय करियर सेवा (एनसीएस) में रूपांतरित कर दिया गया है। एनसीएस पोर्टल एक डिजिटल प्लेटफॉर्म [www.ncs.gov.in] के माध्यम से करियर संबंधी सेवाएं प्रदान करने वाला एकल खिड़की पर उपलब्ध समाधान है, जिसमें निजी और सरकारी क्षेत्रों के रोजगार, ऑनलाइन और ऑफलाइन जॉब फेयर की जानकारी, रोजगार खोज और मिलान, करियर परामर्श, व्यावसायिक मार्गदर्शन, कौशल विकास पाठ्यक्रम, कौशल/प्रशिक्षण कार्यक्रम आदि शामिल हैं।
एनसीएस पोर्टल की शुरुआत से अब तक 6.64 करोड़ से अधिक रोजगार इच्छुक व्यक्तियों ने पंजीकरण कराया है, जिनमें से 15 जुलाई, 2026 तक 2.89 करोड़ सक्रिय रोजगार चाहने वाले थे। साथ ही, पोर्टल की शुरुआत से अब तक 10.05 करोड़ से अधिक रिक्तियां जुटाई गई हैं, जिनमें से 15 जुलाई, 2026 तक 17.68 लाख सक्रिय रिक्तियां थीं। देश भर में एनसीएस पोर्टल पर पंजीकृत रोजगार इच्छुक व्यक्तियों और नियोक्ताओं का राज्य/केंद्र शासित प्रदेशवार विवरण और जुटाई गई रिक्तियों की संख्या https://www.ncs.gov.in/_layouts/15/ncsp/ViewStaticReport.aspx पर देखी जा सकती है।
पोर्टल में सुधार एक सतत और गतिशील प्रक्रिया है। नवीनतम उपलब्ध तकनीक का उपयोग करते हुए, समय की आवश्यकता के अनुसार परिवर्तन/अद्यतन की योजना बनाई जाती है। एनसीएस पोर्टल का क्लाउड-आधारित, ओपन-आर्किटेक्चर प्लेटफॉर्म में उन्नयन किया गया है, और इसका संवर्धन एक सतत और गतिशील प्रक्रिया है। नवीनतम उपलब्ध तकनीकों का लाभ उठाते हुए, बदलती आवश्यकताओं के अनुरूप सुधार और अद्यतन किए जाते हैं। इन उन्नयनों में विभिन्न सार्वजनिक और निजी रोजगार और कौशल पोर्टलों के साथ एकीकरण, उन्नत एआई-संचालित सुविधाएं (बुद्धिमान रोजगार मिलान, एआई कौशल अंतर विश्लेषण, व्यक्तिगत रोजगार अनुशंसाएं, एआई साक्षात्कार कोच, भाषिनी के माध्यम से बहुभाषी समर्थन आदि सहित), रोजगार चाहने वालों और नियोक्ताओं के लिए क्लाउड-आधारित एप्लिकेशन, मजबूत सत्यापन तंत्र और सुगम्यता तथा उपयोगकर्ता अनुभव को बेहतर बनाने के लिए एक मोबाइल एप्लिकेशन का शुभारंभ शामिल है।
सरकार प्रत्येक वित्त आयोग चक्र के प्रारंभ होने से पहले सभी योजनाओं और कार्यक्रमों की व्यवस्थित समीक्षा और मूल्यांकन करती है ताकि उनकी निरंतर प्रासंगिकता, प्रभावशीलता और बदलती प्राथमिकताओं के साथ संरेखण सुनिश्चित किया जा सके।
इसके अलावा, मंत्रालय ने सभी रोजगार चाहने वालों के लिए रोजगार के अवसरों को बढ़ाने हेतु सार्वजनिक-निजी भागीदारी को मजबूत करने के लिए निजी और सार्वजनिक नियोक्ताओं/पोर्टल/प्लेटफ़ॉर्म के साथ कई समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए हैं। अब तक 40 से अधिक समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए जा चुके हैं, जिनमें अपना, स्विगी, रैपिडो, जोमेटो, अमेजॉन, टीसीएस, आईऑन, क्विकर, फाउंड इट (मॉन्स्टर) आदि जैसे निजी भागीदारों के साथ किए गए समझौता ज्ञापन भी शामिल हैं। ये समझौता ज्ञापन एनसीएस पोर्टल पर रोजगार मेलों की सूची, कौशल विकास कार्यक्रम, करियर परामर्श आदि जैसी सुविधाएं प्रदान करते हैं।
एनसीएस पोर्टल विभिन्न सरकारी पोर्टलों जैसे उद्यम, ईश्रम, स्किल इंडिया डिजिटल हब, ईपीएफओ, ईएसआईसी, एमएचआरडी, डिजिलॉकर आदि के साथ एकीकृत है और संघ लोक सेवा आयोग, कर्मचारी चयन आयोग, कृषि वैज्ञानिक भर्ती बोर्ड, रेलवे भर्ती बोर्ड आदि जैसे सरकारी भर्ती निकायों के साथ भी जुड़ा हुआ है।
एनसीएस परियोजना में अन्य बातों के अलावा, देश में रोजगार एक्सचेंजों को रूपांतरित करके मॉडल करियर सेंटर (एमसीसी) स्थापित करने की परिकल्पना भी की गई थी। इन सेंटरों का उद्देश्य राज्य और अन्य संस्थानों के सहयोग से रोजगार चाहने वालों और नियोक्ताओं को करियर संबंधी सेवाएं प्रदान करना था, जैसे कि ऑनलाइन/ऑफलाइन रोजगार मेले का आयोजन, नियोक्ताओं को संगठित करना, स्थानीय स्तर पर ऑनलाइन/ऑफलाइन करियर परामर्श आदि। अब तक, सरकार ने 407 मॉडल करियर सेंटर (एमसीसी) को स्वीकृति दी है, जिसमें 370 रोजगार एक्सचेंज भी शामिल हैं जिन्हें एमसीसी के रूप में उन्नत किया गया है।
इसके अलावा, आज की तारीख तक 31 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को एनसीएस पोर्टल के साथ एकीकृत किया जा चुका है, जिनमें से 8 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश सीधे एनसीएस पोर्टल का उपयोग कर रहे हैं।
केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने 3 अगस्त, 2026 को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।
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पीके/केसी/एसएस/एमपी
(रिलीज़ आईडी: 2294691)
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