गृह मंत्रालय
केन्द्रीय गृह राज्यमंत्री श्री बंडी संजय कुमार ने हैदराबाद के इब्राहिमपटनम स्थित सशस्त्र सीमा बल (SSB) परिसर में 48 नवनिर्मित पारिवारिक आवासों का उद्घाटन किया
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व और केन्द्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के मार्गदर्शन में गृह मंत्रालय, CAPFs की क्षमता, आधुनिकीकरण, आधारभूत संरचना और कार्मिक कल्याण के सुदृढ़ीकरण के प्रति कटिबद्ध
केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के जवानों के लिए बेहतर आवासीय सुविधाएं और Housing Satisfaction Ratio में वृद्धि मोदी सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल
SSB में अब तक 10,029 आवासों का निर्माण पूर्ण, 1,273 आवासों का निर्माण कार्य प्रगति पर है
गृह मंत्रालय के मार्गदर्शन में SSB, खुली अंतरराष्ट्रीय सीमाओं की सुरक्षा, आंतरिक सुरक्षा, आपदा प्रतिक्रिया और सीमावर्ती क्षेत्रों में जनभागीदारी को मजबूत करने के लिए प्रयासरत
भारत-नेपाल और भारत-भूटान की 2,450 किलोमीटर लंबी खुली अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा में SSB की महत्वपूर्ण भूमिका
आधुनिक तकनीक, खुफिया-आधारित सीमा प्रबंधन और बेहतर प्रशिक्षण से SSB की परिचालन क्षमता बन रही है और मजबूत
सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा के साथ विकास, जनभागीदारी, आपदा प्रतिक्रिया और मानवीय सेवा पर SSB का विशेष बल
वर्ष 2025-26 में SSB ने 661 मानव तस्करी पीड़ितों को मुक्त कराया तथा 6,324 अवैध अपराधियों को गिरफ्तार किया
प्रविष्टि तिथि:
17 AUG 2026 4:13PM by PIB Delhi
केन्द्रीय गृह राज्यमंत्री श्री बंडी संजय कुमार ने हैदराबाद के इब्राहिमपटनम स्थित सशस्त्र सीमा बल परिसर में 48 नवनिर्मित पृथक पारिवारिक आवासों का उद्घाटन किया। इस अवसर पर महानिदेशक, सशस्त्र सीमा बल श्री संजय सिंघल, गृह मंत्रालय और बल के वरिष्ठ अधिकारियों सहित बल के जवान और उनके परिवारजन उपस्थित थे।
केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के कार्मिकों के लिए बेहतर आवासीय सुविधाओं और Housing Satisfaction Ratio में वृद्धि मोदी सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। SSB में अब तक 10,029 आवासों का निर्माण पूर्ण हो चुका है और 1,273 आवासों का निर्माण कार्य प्रगति पर है।

अपने संबोधन में केन्द्रीय गृह राज्यमंत्री ने कहा कि ये आवास केवल भवन नहीं, बल्कि राष्ट्र की सुरक्षा में समर्पित सशस्त्र सीमा बल के जवानों और उनके परिवारों के कल्याण के प्रति भारत सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि सुरक्षित और संतुष्ट परिवार ही आत्मविश्वासी जवान की सबसे बड़ी ताकत है।

श्री बंडी संजय कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व और केन्द्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के मार्गदर्शन में गृह मंत्रालय, केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) की परिचालन क्षमता, आधुनिकीकरण, आधारभूत संरचना और कार्मिक कल्याण को निरंतर सुदृढ़ करने के प्रति कटिबद्ध है।

गृह राज्यमंत्री ने राष्ट्र की सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले एसएसबी के 51 वीर बलिदानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके परिवारों के प्रति सम्मान व्यक्त किया। गृह मंत्रालय के मार्गदर्शन में सशस्त्र सीमा बल, खुली अंतरराष्ट्रीय सीमाओं की प्रभावी सुरक्षा, आंतरिक सुरक्षा, आपदा प्रतिक्रिया और सीमावर्ती क्षेत्रों में जनभागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है।

सशस्त्र सीमा बल भारत-नेपाल एवं भारत-भूटान की लगभग 2,450 किलोमीटर लंबी खुली अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा का महत्वपूर्ण दायित्व निभा रहा है। सुरक्षा, सतर्कता और संवेदनशीलता के संतुलन के साथ बल, मादक पदार्थों, हथियारों, मानव तस्करी, अवैध आव्रजन, जाली मुद्रा, वन्यजीव अपराध और अन्य संगठित अपराधों के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रहा है। वर्ष 2025-26 में SSB ने 661 मानव तस्करी पीड़ितों को मुक्त कराया तथा 6,324 अवैध अपराधियों को गिरफ्तार किया।
बदलते सुरक्षा परिदृश्य में SSB, तकनीक-सक्षम, खुफिया-प्रधान और मिशन-ओरिएंटेड सीमा प्रबंधन को निरंतर मजबूत कर रहा है। ड्रोन, CCTV, थर्मल इमेजर, नाइट विजन उपकरण, GPS आधारित गश्त, सुरक्षित डिजिटल संचार तथा GIS आधारित योजना निर्माण जैसी आधुनिक तकनीकों का उपयोग बल की परिचालन क्षमता बढ़ाने के लिए किया जा रहा है।
सीमा सुरक्षा के अतिरिक्त SSB आंतरिक सुरक्षा, उग्रवाद-रोधी अभियानों, चुनाव ड्यूटी, कानून एवं व्यवस्था तथा आपदा प्रबंधन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। बल के 18 राहत एवं बचाव दल प्राकृतिक आपदाओं और अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया, खोज एवं बचाव तथा मानवीय सहायता के लिए तत्पर रहते हैं।

देश के सीमावर्ती क्षेत्रों में “Win Hearts and Minds” की भावना के अनुरूप चिकित्सा शिविर, कौशल विकास, खेल, महिला सशक्तिकरण, जागरूकता एवं आजीविका संबंधी कार्यक्रमों के माध्यम से स्थानीय समुदायों के साथ विश्वास और सहभागिता को मजबूत किया जा रहा है। मधुमक्खी पालन जैसी पहल स्थानीय युवाओं एवं ग्रामीण समुदायों को आत्मनिर्भरता और स्वरोजगार से जोड़ रही हैं।
*****
RK / RR / PR / PS
(रिलीज़ आईडी: 2300463)
आगंतुक पटल : 149