प्रधानमंत्री कार्यालय
azadi ka amrit mahotsav

प्रधानमंत्री ने निस्वार्थ बलिदान की विरासत पर आधारित संस्कृत सुभाषितम् साझा किया

प्रविष्टि तिथि: 06 JUL 2026 12:41PM by PIB Delhi

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया जिसमें यह दर्शाया गया है कि जो लोग दूसरों के कल्याण के लिए बलिदान देते हैं, वे अमरत्व प्राप्त करते हैं।

जयन्ति ते सुकृतिनो रससिद्धाः कवीश्वराः।

नास्ति येषां यशःकाये जरामरणजं भयम्॥"

श्री मोदी ने यह भी कहा कि भारत की एकता, अखंडता और आत्मसम्मान के लिए डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान हर पीढ़ी को प्रेरित करता रहेगा।

प्रधानमंत्री ने एक्‍स पोस्ट किया:

भारतवर्ष की एकता, अखंडता और स्वाभिमान के लिए डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान हर पीढ़ी को प्रेरित करता रहेगा।

जयन्ति ते सुकृतिनो रससिद्धाः कवीश्वराः।

नास्ति येषां यशःकाये जरामरणजं भयम्॥

****

पीके/केसी/बीयू/एम


(रिलीज़ आईडी: 2281572) आगंतुक पटल : 140
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Assamese , Bengali , Bengali-TR , Manipuri , Punjabi , Gujarati , Odia , Tamil , Telugu , Kannada , Malayalam