प्रधानमंत्री कार्यालय
azadi ka amrit mahotsav

प्रधानमंत्री ने प्रगति के पथ पर मार्गदर्शन करने वाले शुभ विचारों पर बल देते हुए संस्कृत सुभाषितम् साझा किया

प्रविष्टि तिथि: 13 MAR 2026 11:22AM by PIB Delhi

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने प्रगति के पथ पर मार्गदर्शन करने वाले शुभ विचारों पर जोर देते हुए संस्कृत सुभाषितम् साझा किया:

“आ नो भद्राः क्रतवो यन्तु विश्वतोऽदब्धासो अपरितस उद्भिदः।

देवा नो यथा सदमिद् वृद्धे असन्नप्रायुवो रक्षितारो दिवे दिवे॥”

यह सुभाषितम संदेश देता है कि, सभी दिशाओं से शुभ और प्रेरक विचार हमारे पास आएं - ऐसे विचार जो हमें उत्साह, ऊर्जा और आगे बढ़ने की शक्ति प्रदान करें।  वे विचार दृढ़, अजेय और प्रगति का मार्ग खोलने में समर्थ हों।  दिव्य शक्तियां हमारे जीवन में नित प्रति दिन विकास, उन्नति और नए उत्साह का संचार करें और दिन-प्रति-दिन हमारी रक्षा करते हुए हमें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करें।

प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा;

“आ नो भद्राः क्रतवो यन्तु विश्वतोऽदब्धासो अपरितस उद्भिदः।

देवा नो यथा सदमिद् वृद्धे असन्नप्रायुवो रक्षितारो दिवे दिवे॥”

*******

पीके/केसी/पीके


(रिलीज़ आईडी: 2239455) आगंतुक पटल : 111
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Bengali , Assamese , Punjabi , Gujarati , Tamil , Kannada , Malayalam