संचार मंत्रालय
सरकार ने 5जी नेटवर्क पर आधारित एप्लिकेशनों के विकास को बढ़ावा देने के लिए कई उपाय किए हैं
विभिन्न क्षेत्रों में 5जी अनुप्रयोगों के विकास को बढ़ावा देने के लिए शैक्षणिक संस्थानों में 100 5जी यूज केस लैब्स स्थापित की गई हैं
प्रविष्टि तिथि:
05 FEB 2026 3:44PM by PIB Delhi
संचार और ग्रामीण विकास राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्र शेखर ने आज राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि सरकार ने 5जी नेटवर्क पर आधारित एप्लिकेशनों के विकास को बढ़ावा देने के लिए कई कदम उठाए हैं। 5जी हाई-स्पीड की कनेक्टिविटी, कम विलंबता और बड़ी संख्या में कनेक्टेड डिवाइस के लिए सपोर्ट देता है, जिससे डिजिटल सेवाओं और ऑटोमेशन के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ब्लॉकचेन का उपयोग संभव हो जाता है। सरकार ने शैक्षणिक संस्थानों में 100 5जी यूज केस लैब्स भी स्थापित की हैं ताकि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ब्लॉकचेन जैसी उभरती प्रौद्योगिकियों के एकीकरण के साथ विभिन्न क्षेत्रों में 5जी एप्लिकेशन विकास को बढ़ावा दिया जा सके। 5जी, एआई और उन्नत तकनीकों का उपयोग करके समाधानों के विकास को बढ़ावा देने के लिए 5जी यूज केस लैब्स पहल के तहत 5जी इनोवेशन हैकथॉन 2025 शुरू किया गया था। ये पहल नवाचार को बढ़ावा देने, शिक्षा जगत और उद्योग के बीच सहयोग और आर्थिक विकास के लिए शैक्षणिक व स्टार्टअप इकोसिस्टम को मजबूत करने के उद्देश्य से सामाजिक-आर्थिक उपयोग के मामलों और क्षमता निर्माण का समर्थन करती हैं।
5जी नेटवर्क को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शुरू कर दिया गया है और यह 99.9 प्रतिशत जिलों में उपलब्ध है, जो देश की 85 प्रतिशत आबादी को कवर करता है। दिसंबर 2025 तक कुल 5.08 लाख 5जी बेस ट्रांसीवर स्टेशन (बीटीएस) स्थापित किए जा चुके हैं। साथ ही, मोबाइल ब्रॉडबैंड की औसत गति में भी उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है, जो अक्टूबर 2025 में बढ़कर 131.47 Mbps तक पहुँच गई है।
(संदर्भ:https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=2206477®=3&lang=1)
इसके अतिरिक्त, 5जी में ऑथेंटिकेशन, एन्क्रिप्शन और नेटवर्क आइसोलेशन जैसी उन्नत सुरक्षा विशेषताएं शामिल हैं। साइबर सुरक्षा आवश्यकताओं को नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल सेक्रेटेरिएट (एनएससीएस) के निर्देशों के अनुसार लागू किया गया है, और ट्रस्टेड टेलीकॉम फ्रेमवर्क विश्वसनीय स्रोतों से उपकरणों की खरीद सुनिश्चित करता है। कम्युनिकेशन सिक्योरिटी सर्टिफिकेशन (ComSec) योजना के तहत, 5जी नेटवर्क कार्यों के लिए इंडियन टेलीकॉम सिक्योरिटी एश्योरेंस रिक्वायरमेंट्स विकसित की गई हैं। इंडस्ट्री द्वारा इन मानकों को अपनाना सुरक्षा और नवाचार के बीच संतुलन बनाने में मदद करता है।
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(रिलीज़ आईडी: 2223935)
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