नागरिक उड्डयन मंत्रालय
नागर विमानन महानिदेशालय ने एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस के परिचालन का निरीक्षण किया
प्रविष्टि तिथि:
17 JUN 2025 8:54PM by National
नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस के वरिष्ठ अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की। दोनों कंपनियां वर्तमान में घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिदिन 1,000 से अधिक उड़ानें संचालित करती हैं।
यह बैठक इन एयरलाइन कंपनियों की परिचालन क्षमता की समीक्षा करने तथा सुरक्षा एवं यात्री सेवा विनियमों का निरंतर अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए आयोजित की गई थी। बैठक के दौरान निम्नलिखित महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई:
- रखरखाव संबंधी देरी: डीजीसीए अधिकारियों ने हाल ही में एयर इंडिया में सामने आई रखरखाव संबंधी समस्याओं पर चिंता व्यक्त की। एयरलाइन को इंजीनियरिंग, परिचालन और ग्राउंड हैंडलिंग इकाइयों के बीच आंतरिक समन्वय को मजबूत करने तथा यह सुनिश्चित करने की सलाह दी गई कि पर्याप्त स्पेयर पार्ट्स उपलब्ध हों तथा ऐसे मुद्दों के कारण यात्रियों को होने वाली देरी को कम करने के लिए नियमों का सख्ती से पालन किया जाए।
- हवाई क्षेत्र प्रतिबंध: कुछ हवाई क्षेत्रों, विशेष रूप से ईरानी हवाई क्षेत्र पर हाल के प्रतिबंधों के प्रभाव की समीक्षा की गई। एयरलाइन ऑपरेटरों को निर्देश दिया गया कि वे यात्रियों और चालक दल को समय पर सूचना उपलब्ध कराएं तथा व्यवधान को न्यूनतम करने के लिए वैकल्पिक मार्गों की योजना बनाएं।
- यात्रियों को दी जाने वाली सूचना और सुविधाएं: परिचालन कंपनी को प्रासंगिक नागर उड्डयन आवश्यकता अनुभाग 3 श्रृंखला एम भाग IV और V के तहत अपने अनिवार्य दायित्वों की याद दिलाई गई, जिसमें उड़ान में देरी या रद्द होने के बारे में यात्रियों को पहले से सूचित करना शामिल है। प्रभावी यात्री सुविधाओं और सभी उपलब्ध चैनलों के माध्यम से सूचना के समय पर प्रसार पर अधिक जोर दिया गया।
- बोइंग 787 बेड़े का निरीक्षण: एयर इंडिया के बोइंग 787 बेड़े के हाल के निरीक्षण में कोई बड़ी सुरक्षा खामी सामने नहीं आई। विमान और उनकी रखरखाव प्रणालियां प्रचलित सुरक्षा मानकों के अनुरूप पाई गईं।
- मेसर्स एयर इंडिया के बी787-8/9 बेड़े की "बढ़ी हुई सुरक्षा जांच" की स्थिति (17 जून 2025, अपराह्न 3 बजे तक): आदेश के पैराग्राफ 1 के तहत अनिवार्य "बढ़ी हुई सुरक्षा जांच" एयर इंडिया के संपूर्ण बी787-8/9 बेड़े पर लागू है, जिसमें 33 विमान शामिल हैं। इनमें से 4 विमानों की वर्तमान में विभिन्न एमआरओ सुविधाओं में बड़ी जांच चल रही है। 17 जून 2025, अपराह्न 3 बजे तक कुल 24 विमानों ने आवश्यक जांच सफलतापूर्वक पूरी कर ली है। 2 और विमानों की जांच आज पूरी हो जाएगी, जबकि 1 और विमान की जांच कल पूरी हो जाएगी। शेष छह विमानों में से दो फिलहाल दिल्ली एओजी में खड़े हैं। इन सभी का निरीक्षण सेवा क्षमता की घोषणा के बाद और परिचालन शुरू करने से पहले किया जाएगा।
- परिचालन समन्वय: नियामक ने अधिक व्यवस्थित और वास्तविक समय पर दोष रिपोर्टिंग प्रणाली को लागू करने की सिफारिश की है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि परिचालन और सुरक्षा-महत्वपूर्ण विभागों को समय पर अपडेट प्राप्त हो। इससे समग्र निर्णय लेने की क्षमता बढ़ेगी।
- वाइड-बॉडी उड़ानों के परिचालन डेटा की समीक्षा: डीजीसीए ने एयर इंडिया के वाइड-बॉडी विमानों, विशेष रूप से बोइंग 787 बेड़े के हालिया परिचालन डेटा की भी समीक्षा की।
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दिनांक
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संचालित उड़ानों की कुल संख्या
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रद्द उड़ानों की कुल संख्या
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संचालित B787 उड़ानों की कुल संख्या
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रद्द की गई B787 उड़ानों की कुल संख्या
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12-जून
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90
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6
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50
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5
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13-जून
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80
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22
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41
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11
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14-जून
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86
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12
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47
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12
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15-जून
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76
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16
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41
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14
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16-जून
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75
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11
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39
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11
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17-जून*
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55
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16
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30
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13
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* 1800 बजे तक
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नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने यात्री सुरक्षा, परिचालन विश्वसनीयता और विनियामक अनुपालन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है तथा वह सभी अनुसूचित परिचालकों के प्रदर्शन पर बारीकी से निगरानी रखेगा।
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एमजी/केसी/डीवी
(रिलीज़ आईडी: 2138356)
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