सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय
कैबिनेट ने बिहार में हाइब्रिड एन्युटी मोड (एचएएम) पर 4-लेन ग्रीनफील्ड और ब्राउनफील्ड पटना-आरा-सासाराम कॉरिडोर (एनएच-119ए) (120.10 किमी) के निर्माण को मंजूरी दी
Posted On:
28 MAR 2025 4:18PM by PIB Delhi
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) ने बिहार में पटना से सासाराम (120.10 किमी) तक 4-लेन एक्सेस कंट्रोल ग्रीनफील्ड और ब्राउनफील्ड पटना-आरा-सासाराम कॉरिडोर के निर्माण को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना को हाइब्रिड एन्युटी मोड (एचएएम) पर विकसित किया जाएगा, जिसकी कुल पूंजी लागत 3,712.40 करोड़ रुपये होगी।
वर्तमान में, सासाराम, आरा और पटना के बीच संपर्क मौजूदा राज्य राजमार्गों (एसएच-2, एसएच-12, एसएच-81 और एसएच-102) पर निर्भर है और आरा शहर सहित भारी यातायात के कारण यात्रा में 3-4 घंटे लगते हैं। वर्तमान में सासाराम, आरा और पटना के बीच संपर्क मौजूदा राज्य राजमार्गों (एसएच-2, एसएच-12, एसएच-81 और एसएच-102) पर निर्भर है और आरा शहर सहित भारी भीड़भाड़ के कारण इसमें 3-4 घंटे लगते हैं। बढ़ती भीड़भाड़ को कम करने के लिए मौजूदा ब्राउनफील्ड राजमार्ग के 10.6 किलोमीटर के अपग्रेडेशन के साथ एक ग्रीनफील्ड कॉरिडोर विकसित किया जाएगा। यह आरा, ग्राहिणी, पीरो, बिक्रमगंज, मोकर और सासाराम जैसे स्थानों में घनी आबादी वाले क्षेत्रों की जरूरतों को पूरा करेगा।
परियोजना के अनुरूप एनएच-19, एनएच-319, एनएच-922, एनएच-131जी और एनएच-120 सहित प्रमुख परिवहन गलियारों के साथ एकीकृत है, जो औरंगाबाद, कैमूर और पटना को निर्बाध संपर्क प्रदान करता है। इसके अतिरिक्त यह परियोजना 2 हवाई अड्डों (पटना के जय प्रकाश नारायण अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा और आगामी बिहिता हवाई अड्डा), 4 प्रमुख रेलवे स्टेशनों (सासाराम, आरा, दानापुर, पटना) और 1 अंतर्देशीय जल टर्मिनल (पटना) को भी कनेक्टिविटी प्रदान करेगी और पटना रिंग रोड तक सीधी पहुंच बढ़ाएगी, जिससे माल और यात्रियों की तीव्र आवाजाही हो सकेगी।
पटना-आरा-सासाराम कॉरिडोर के पूरा होने पर यह क्षेत्रीय आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे लखनऊ, पटना, रांची और वाराणसी के बीच संपर्क में सुधार होगा। यह परियोजना सरकार के आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य बिहार में रोजगार सृजन और सामाजिक-आर्थिक विकास को बढ़ावा देते हुए बुनियादी ढांचे को बढ़ाना है। इस परियोजना से 48 लाख मानव दिवस रोजगार का सृजन होगा तथा पटना और उसके आसपास के क्षेत्रों में विकास, उन्नति और समृद्धि के नए रास्ते खुलेंगे।
कॉरिडोर का मानचित्र

परियोजना विवरण:
विशेषता
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विवरण
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परियोजना का नाम
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4-लेन ग्रीनफील्ड और ब्राउनफील्ड पटना-आरा-सासाराम कॉरिडोर
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कॉरिडोर
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पटना-आरा-सासाराम (एनएच-119ए)
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लंबाई (किमी)
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120.1
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कुल सिविल लागत (करोड़ रुपये में)
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2,989.08
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भूमि अधिग्रहण लागत (करोड़ रुपये में)
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718.97
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कुल पूंजी लागत (करोड़ रुपये में)
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3,712.40
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मोड
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हाइब्रिड एन्युइटी मोड (एचएएम)
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प्रमुख जुड़ी सड़कें
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राष्ट्रीय राजमार्ग - एनएच-19, एनएच-319, एनएच-922, एनएच-131जी, एनएच-120
राज्य राजमार्ग - एसएच-2, एसएच-81, एसएच-12, एसएच-102
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आर्थिक / सामाजिक / परिवहन संपर्क स्थापित किए जाएंगे
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हवाई अड्डे: जय प्रकाश नारायण अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा (पटना), बिहिता हवाई अड्डा (आगामी)
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रेलवे स्टेशन: सासाराम, आरा, दानापुर, पटना
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अंतर्देशीय जल टर्मिनल: पटना
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जुड़े हुए प्रमुख शहर/कस्बें
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पटना, आरा, सासाराम
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रोजगार सृजन की संभावना
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22 लाख मानव-दिवस (प्रत्यक्ष) एवं 26 लाख मानव-दिवस (अप्रत्यक्ष)
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वित्तीय वर्ष 2025 में वार्षिक औसत दैनिक यातायात (एएडीटी)
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अनुमानित 17,000-20,000 यात्री कार इकाइयाँ (पीसीयू)
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