जनजातीय कार्य मंत्रालय
श्री अर्जुन मुंडा कल विश्व सिकल सेल दिवस के अवसर पर दूसरे राष्ट्रीय सिकल सेल कॉनक्लेव का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन करेंगे
जनजातीय कार्य राज्य मंत्री श्रीमती रेणुका सरुता एक विशेष संबोधन देंगी
प्रविष्टि तिथि:
18 JUN 2021 7:15PM by PIB Delhi
जनजातीय कार्य मंत्री श्री अर्जुन मुंडा कल ‘सिकल सेल बीमारी’ पर हो रहे दूसरे राष्ट्रीय सिकल सेल कॉनक्लेव का वर्चुअल माध्यम से शुभारम्भ करेंगे। यह कॉनक्लेव हर साल की तरह इस बार भी 19 जून, 2021 को विश्व सिकल सेल दिवस के उपलक्ष्य में हो रही है। जनजातीय कार्य राज्य मंत्री श्रीमती रेणुका सिंह सरुता इस कार्यक्रम में सिकल सेल बीमारी पर एक विशेष संबोधन देंगी।
इस कॉनक्लेव को जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (फिक्की), नोवार्टिस, अपोलो हॉस्पिटल, पिरामल फाउंडेशन, जीएएससीडीओ और एनएएससीओ के साथ भागीदारी में आयोजित किया जा रहा है। इस वर्चुअल कॉनक्लेव को जनजातीय कार्य मंत्रालय के यूट्यूब और फेसबुक पेज पर सीधे प्रसारित किया जाएगा।
सिकल सेल बीमारी (एससीडी), जो विरासत में मिला सबसे प्रचलित रक्त विकार है, भारत में व्यापक रूप से कई जनजातीय समूहों में पाई जाती है और यह कई राज्यों में स्वास्थ्य के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है। भले ही इसके कई किफायती उपचार हैं जिससे भारत में रोगियों की संख्या और मौत के मामलों में नाटकीय रूप से कमी आई है, लेकिन भारत के जनजातीय इलाकों में एससीडी उपचार तक पहुंच सीमित बनी हुई है। भारत में यह बीमारी मुख्य रूप से झारखंड, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, पश्चिमी ओडिशा, पूर्वी गुजरात और उत्तरी तमिलनाडु व केरल में नीलगिरी पहाड़ियों के कुछ इलाकों में प्रचलित है।
पिछले साल सिकल सेल बीमारी पर राष्ट्रीय वेबिनार के सफल आयोजन के बाद इस साल यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। श्री अर्जुन मुंडा वर्चुअल माध्यम से सिकल सेल बीमारी की जांच के लिए मोबाइल वैनों को हरी झंडी भी दिखाएंगे। इस कार्यक्रम में संवेदनशील रोगियों, विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों पर एससीडी के उपचार में ताजा अग्रिम और भविष्य के रुझानों के बारे में विचार विमर्श होगा। इससे समान विचारों वाले लोग/ संगठन भविष्य में एससीडी देखभाल और एससीडी मरीजों की समस्याएं दूर करने के तरीकों पर चर्चा के लिए एकजुट होंगे।
इस प्रमुख कार्यक्रम से एससीडी प्रबंधन में हाल में हुई प्रगति के साथ ही विशेषकर महिलाओं और बच्चों के बीच जागरूकता फैलाने के तरीकों और साधनों, बचाव व प्रबंधन उपायों पर चर्चा के लिए शीर्ष सरकारी अधिकारी, जनजातीय कार्य मंत्रालय, फिक्की, नोवार्तिस, अपोलो हॉस्पिटल्स, पिरामल फाउंडेशन, जीएएससीडीओ, एनएएससीओ सहित विभिन्न हितधारकों के साथ ही विशेषज्ञ/ चिकित्सक एकजुट होंगे। इस कार्यक्रम में प्रमुख चिकित्सकों, एडवोकेट्स और नीति निर्माता की एक पैनल चर्चा शामिल होगी, जिसमें एससीडी के साथ जीवन जी रहे लोगों को उच्च गुणवत्ता का उपचार उपलब्ध कराने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
कॉनक्लेव में सरल दिशानिर्देश और भारत में निरंतर देखभाल के दृष्टिकोण के माध्यम से सिकल सेल बीमारी से जुड़े प्रभावी प्रबंधन के लिए एक रोडमैप प्रदर्शित किया जाएगा।
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एमजी/एएम/एमपी/डीए
(रिलीज़ आईडी: 1728388)
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