महिला एवं बाल विकास मंत्रालय
‘पोषण ट्रैकर’ डिजिटल एप्लिकेशन, मिशन सक्षम आंगनवाड़ी और पोषण 2.0 के अंतर्गत पोषण परिणामों और अन्य सेवाओं की निगरानी और समीक्षा के लिए एक सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी आधारित उपकरण है
आंगनवाड़ी सेवाओं के लिए लगभग वास्तविक समय में डेटा संग्रहण सुगम बनाया गया
पोषण ट्रैकर एप्लिकेशन में एक समर्पित डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के रूप में सहायक पर्यवेक्षण मॉड्यूल विकसित किया गया; पोषण ट्रैकर में डेटा की सटीकता को और बेहतर बनाया गया
प्रविष्टि तिथि:
05 AUG 2026 4:23PM by PIB Delhi
महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने पोषण संबंधी परिणामों; 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों में बौनापन (स्टंटिंग), क्षीणता (वेस्टिंग), कम वजन की व्यापकता तथा मिशन सक्षम आंगनवाड़ी एवं पोषण 2.0 (मिशन पोषण 2.0) के अंतर्गत अन्य सेवाओं की निगरानी और समीक्षा के लिए सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी आधारित ‘पोषण ट्रैकर’ डिजिटल एप्लिकेशन शुरू किया है। मिशन के अंतर्गत लाभार्थियों के कवरेज संबंधी वर्षवार जानकारी पोषण ट्रैकर के सार्वजनिक डैशबोर्ड पर उपलब्ध है: https://www.poshantracker.in/statistics.
मिशन की प्रगति की डिजिटल समीक्षा के लिए, पोषण ट्रैकर ने आंगनवाड़ी सेवाओं से संबंधित लगभग वास्तविक समय में डेटा संग्रह की सुविधा प्रदान की है, जैसे कि आंगनवाड़ी केंद्रों (एडब्ल्यूसी) का संचालन, बच्चों की दैनिक उपस्थिति, प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (ईसीसीई) गतिविधियाँ, बच्चों की वृद्धि की निगरानी, गर्म पका हुआ भोजन और टेक-होम राशन (टीएचआर) का वितरण आदि। पोषण ट्रैकर आवश्यकता अनुसार डेटा तैयार करने, कार्यान्वयन करने वाले प्राधिकरणों को फीडबैक प्रदान करने, योजना के प्रभाव का दस्तावेजीकरण करने ताकि प्रभावी और समयबद्ध हस्तक्षेप किए जा सकें, तथा कार्यक्रम के निरंतर मूल्यांकन को सुगम बनाने में सहायता करता है।
पोषण ट्रैकर में डेटा की शुद्धता को ‘सपोर्टिव सुपरविजन’ मॉड्यूल के माध्यम से और बेहतर बनाया गया है, जिसे पोषण ट्रैकर एप्लिकेशन में एक समर्पित डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के रूप में विकसित किया गया है। यह सुविधा विशेष रूप से सभी प्रशासनिक स्तरों (सुपरवाइज़र, सीडीपीओ और डीपीओ) पर प्रभावी वास्तविक समय निगरानी को सुदृढ़ करने तथा कार्यक्रम की समग्र प्रभावशीलता में सुधार के लिए तैयार की गई है।
मिशन पोषण 2.0 के अंतर्गत, पिछले पाँच वर्षों में 1,29,415 आंगनवाड़ी केंद्रों को सक्षम आंगनवाड़ियों में उन्नत किया गया है।
इसके अतिरिक्त, मिशन के अंतर्गत देश के सभी आंगनवाड़ी केंद्रों (एडब्ल्यूसी) में सभी पंजीकृत लाभार्थियों की नियमित वृद्धि माप के लिए 4 वृद्धि निगरानी उपकरणों (जीएमडी) का एक सेट उपलब्ध कराने का प्रावधान है (शिशुओं की लंबाई और बच्चों की ऊँचाई मापने के लिए इन्फैंटोमीटर और स्टैडियोमीटर, तथा वजन मापने के लिए शिशु वजन मशीन और माता एवं बच्चे के लिए वजन मशीन)। वृद्धि माप सहित सभी संकेतकों का डेटा पोषण ट्रैकर एप्लिकेशन पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा स्मार्टफ़ोन का उपयोग करके दर्ज किया जाता है, जिनके साथ डेटा रिचार्ज की सुविधा भी मिशन के अंतर्गत उपलब्ध कराई गई है। वृद्धि निगरानी उपकरणों के लिए धनराशि भी केंद्र सरकार द्वारा सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को लागत-साझेदारी के आधार पर जारी की जाती है।
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री श्रीमती सावित्री ठाकुर ने राज्यसभा में एक प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी दी।
***
पीके/केसी/जेएस
(रिलीज़ आईडी: 2295099)
आगंतुक पटल : 50