अल्‍पसंख्‍यक कार्य मंत्रालय
azadi ka amrit mahotsav

केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य एवं संसदीय कार्य मंत्री श्री किरेन रिजिजू ने हज यात्रा पर समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की


हज 2025 के नतीजों का मूल्यांकन करने और हज 2026 की रूपरेखा तैयार करने के लिए प्रमुख हितधारकों ने बैठक की

हज यात्रा 2025 अत्यधिक सफल रही: श्री किरेन रिजिजू

प्रविष्टि तिथि: 04 JUL 2025 8:42PM by PIB Delhi

केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य और संसदीय कार्य मंत्री श्री किरेन रिजिजू ने आज नई दिल्ली के डॉ. अंबेडकर अंतर्राष्ट्रीय केंद्र में हज यात्रा पर समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा,  "हज 2025 अत्याधिक सफल रही।" श्री रिजिजू ने कहा कि इस वर्ष की तीर्थयात्रा में पिछले वर्षों की तुलना में बहुत कम जनहानि हुई और ऐसा सभी हितधारक मंत्रालयों के शानदार प्रदर्शन और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के डॉक्टरों तथा अधिकारियों की सक्रिय भूमिका के कारण संभव हो पाया।

अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय की समीक्षा बैठक में हज 2025 के नतीजों का मूल्यांकन करने और हज 2026 के लिए मार्ग निर्धारित करने के लिए प्रमुख हितधारक शामिल हुए। इस बैठक में अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के केंद्रीय राज्य मंत्री श्री जॉर्ज कुरियन, अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के सचिव डॉ. चंद्र शेखर कुमार, विदेश मंत्रालय के सचिव (सीपीवी और ओआईए) श्री अरुण के. चटर्जी, विदेश मंत्रालय, नागर विमानन, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण, गृह मंत्रालय, भारतीय हज समिति और तीर्थयात्रा में शामिल अन्य एजेंसियों के वरिष्ठ प्रतिनिधि भी मौजूद थे।

श्री रिजिजू ने इस बैठक में हज तीर्थयात्रियों को सहज और आरामदायक अनुभव प्रदान करने के लिए अनुकरणीय अंतर-मंत्रालयी समन्वय की सराहना की। उन्होंने तीर्थयात्रियों की संतुष्टि का श्रेय भारत सरकार के नीतिगत सुधारों और बेहतर सेवाओं को दिया। इनमें 65 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों और बिना मेहरम वाली महिलाओं (एलडब्ल्यूएम) के लिए अनिवार्य साथी, 60 वर्ष और उससे अधिक आयु के तीर्थयात्रियों के लिए अनिवार्य स्वास्थ्य जांच और जमीनी स्तर पर सहायता सुनिश्चित करने के लिए 1:150 के अनुपात में राज्य हज निरीक्षकों (एसएचआई) की सेवाएं शामिल है।

बैठक में तीर्थयात्रियों, अधिकारियों और भागीदार एजेंसियों से एकत्रित संरचित फीडबैक का जायजा लिया गया और चिकित्सा देखभाल, सुरक्षा उपाय, परिवहन सेवाएं तथा शिकायत निवारण तंत्र जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया गया। मंत्री ने कहा कि इन समीक्षाओं से प्राप्त इनपुट हज 2026 के लिए नीति निर्माण और दिशा-निर्देश तय करने में सहायक होंगे, जिसमें तीर्थयात्रियों की अपेक्षाओं को तकनीकी नवाचारों के साथ पूरा करने पर जोर दिया जाएगा।

बैठक के प्रमुख एजेंडा बिंदुओं में वर्ष 2026 के लिए भारत के अपेक्षित कोटे पर चर्चा शामिल थी, जिसकी घोषणा 14 जुलाई को सऊदी अरब द्वारा किए जाने की संभावना है। सऊदी अरब के निर्देशों के अनुसार, 12 वर्ष से कम उम्र के बच्चे हज 2026 के लिए पात्र नहीं होंगे, जबकि वरिष्ठ नागरिक (65 वर्ष और उससे अधिक आयु के) और बिना पुरुष साथी के यात्रा करने वाली महिलाओं (45 वर्ष से अधिक) को प्राथमिकता मिलती रहेगी।

श्री रिजिजू ने सऊदी अरब द्वारा हज 2026 की समयसीमा आगे बढ़ाए जाने के बाद सभी संबंधित मंत्रालयों और विभागों से तैयारियों में तेजी लाने का आग्रह किया। उन्होंने यह भी कहा कि आगामी सप्ताह में भारतीय हज समिति द्वारा तीर्थयात्रियों के लिए हज 2026 के लिए आवेदन मांगे जाने की आशा है।

इस बैठक में चुनिंदा प्रस्थान बिंदुओं पर सीमित संख्या में तीर्थयात्रियों के लिए लघु अवधि (20 दिन) का हज पैकेज शुरू करने पर भी चर्चा की गई, जिसे उन कामकाजी पेशेवरों के लिए डिजाइन किया गया था जो लंबी यात्रा पर जाने में असमर्थ हैं।

बैठक में भारतीय हज समिति के माध्यम से यात्रा करने वाले सभी तीर्थयात्रियों के लिए हज सुविधा स्मार्ट रिस्टबैंड शुरू करने को भी मंजूरी दी गई। रिस्टबैंड में स्वास्थ्य निगरानी सुविधाएं, खोए हुए तीर्थयात्रियों के लिए स्थान ट्रैकिंग और आपातकालीन चिकित्सा चेतावनी सुविधाएं होंगी। श्री रिजिजू ने कहा कि प्रौद्योगिकी के एकीकरण से तीर्थयात्रियों की सुरक्षा और सुविधा में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।

केंद्रीय मंत्री ने सुरक्षित, निर्बाध और किफायती हज यात्रा के लिए सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि की। उन्होंने हज 2025 को सफल बनाने के लिए सभी मंत्रालयों और संगठनों के अथक प्रयासों और निरंतर सहयोग के लिए उनका आभार व्यक्त किया।

***

एमजी/केसी/जेके/एनजे


(रिलीज़ आईडी: 2142882) आगंतुक पटल : 45
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi