कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय
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मई 2025 के लिए 'सचिवालय सुधार'  मासिक रिपोर्ट का 22वां संस्करण जारी किया


2021-2025 तक स्वच्छता अभियान में स्क्रैप बिक्री से अर्जित कुल राजस्व 3163.97 करोड़ रुपये रहा

दिसंबर 2024-मई 2025 के दौरान स्क्रैप निपटान से 799.92 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया गया

मई 2025 के दौरान 8,835 कार्यालयों में स्वच्छता अभियान में 0.66 लाख फाइलें हटाई गईं

प्रविष्टि तिथि: 18 JUN 2025 4:45PM by PIB Delhi

कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय के तहत प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) ने मई 2025 के लिए अपनी मासिक 'सचिवालय सुधार' रिपोर्ट का 22वां संस्करण जारी किया है। रिपोर्ट में (i) स्वच्छता और लंबित मामलों को न्यूनतम स्तर तक कम करने (ii) निर्णय लेने में दक्षता बढ़ाने, (iii) ई-ऑफिस कार्यान्वयन और विश्लेषण के माध्यम से शासन और प्रशासन को बदलने के उद्देश्य से चल रही पहलों का व्यापक विश्लेषण किया गया है।

इस संस्करण में निम्नलिखित शामिल हैं:

  • "ई-कचरा निपटान" के अंतर्गत सर्वोत्तम उपाय
  • फोकस में: कोयला मंत्रालय
  • ई-ऑफिस कार्यान्वयन पर कैबिनेट सचिवालय के निर्देश
  • सुशासन पद्धति का अनुकरण: राज्य स्तरीय उपलब्धि

मई 2025 की रिपोर्ट की मुख्य विशेषताएं:

1. स्वच्छता एवं लंबित मामलों में कमी :

  • देश भर में 8,835 स्थलों पर स्वच्छता अभियान सफलतापूर्वक चलाए गए।
  • लगभग 3.5 लाख वर्ग फुट कार्यालय स्थान मुक्त कराया गया है, जिसमें सर्वाधिक योगदान रेल मंत्रालय (1,30,180 वर्ग फुट) और कोयला मंत्रालय (76,231 वर्ग फुट) का है।
  • स्क्रैप निपटान से 284.84 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ, जिसमें रेलवे, बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालयों तथा भारी उद्योग मंत्रालयों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
  • प्रभावी रिकॉर्ड प्रबंधन के तहत 1,04,941 भौतिक फाइलों की समीक्षा की गई, जिनमें से 66,186 फाइलों को हटा दिया गया।
  • 4,57,081 लोक शिकायतों का निपटारा (89.79 प्रतिशत निपटारा), साथ ही 1,448 एमपी संदर्भ, 320 राज्य सरकार संदर्भों का निपटारा।

पैरामीटर/आइटम

एससी1.0-4.0

दिसम्बर'24-मई'25

कुल

अर्जित राजस्व (करोड़ रुपए में)

2364.05

799.92

3163.97

 

2. सर्वोत्तम उपाय : ई-कचरा निपटान :

मंत्रालयों और विभागों ने कार्यालय स्थलों के कुशल प्रबंधन को क्रियान्वित किया है, जिससे पारदर्शिता और सार्वजनिक पहुंच में वृद्धि हुई है। उदाहरण के लिए परमाणु ऊर्जा विभाग के हैदराबाद स्थित एएमडी मुख्यालय में ई-कचरा निपटान।

3. निर्णय लेने और ई-ऑफिस, कार्यान्वयन और विश्लेषण में दक्षता बढ़ाना:

  • विलंबन पहल को अपनाने से सक्रिय फाइलों के लिए औसत विशिष्ट लेनदेन स्तर 2021 में 7.19 से मई 2025 तक 4.17 तक काफी कम हो गया है।
  • मई 2025 में बनाई गई कुल फाइलों में से 95.47 प्रतिशत  ई-फाइलें होंगी।
  • प्राप्त रसीदों में से 95 प्रतिशत  ई-रसीदें थीं, 40 मंत्रालयों/विभागों ने उल्लेखनीय स्तर पर शत-प्रतिशत ई-फाइलें अपनाने में सफलता प्राप्त की। 15 मंत्रालयों/विभागों की 25 मई तक ई-रसीदों में शत-प्रतिशत हिस्सेदारी रही।
  • मई 2025 के महीने के लिए अंतर-मंत्रालयी फ़ाइल संचलन 3,892 रहा है, जो सुव्यवस्थित प्रशासनिक प्रक्रियाओं का संकेत है।

ये पहल, प्रशासनिक उत्कृष्टता और उत्तरदायी लोक प्रशासन के व्यापक लक्ष्य के साथ संरेखित, डिजिटल रूप से सक्षम, पारदर्शी, कुशल और नागरिक-केंद्रित शासन के प्रति भारत सरकार की सतत प्रतिबद्धता को रेखांकित करती हैं।

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एमजी/केसी/केके/एसके  


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