शिक्षा मंत्रालय
सीबीएसई नई दिल्ली में 'स्कूली शिक्षा से रोज़गार तक की राह सुगम बनाने' के विषय पर चौथे राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन का आयोजन कर रहा है
स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के सचिव श्री टीके अनिल कुमार ने स्कूली शिक्षा को उच्च शिक्षा, कौशल विकास और रोज़गार से जोड़ने के महत्व पर ज़ोर दिया
प्रविष्टि तिथि:
26 OCT 2026 2:16PM by PIB Delhi
केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) दिल्ली/राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के सहोदय स्कूल कॉम्प्लेक्स के सहयोग से 26-27 अक्टूबर, 2026 को नई दिल्ली में 'स्कूली शिक्षा से रोज़गार तक की राह सुगम बनाने' के विषय पर चौथे राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन का आयोजन कर रहा है। इस अवसर पर स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग (डीओएसईएल) के सचिव श्री टीके अनिल कुमार और सीबीएसई के अध्यक्ष डॉ. मंदीप भंडारी सहित मंत्रालय तथा सीबीएसई के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए श्री अनिल कुमार ने इसकी चार प्रमुख प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। इनमें प्रौद्योगिकी, डिजिटल सुरक्षा और कौशल; डिज़ाइन, रचनात्मकता और नवाचार; राष्ट्रीय क्रेडिट फ्रेमवर्क के माध्यम से विभिन्न शिक्षा प्रणालियों में कौशल की मान्यता; तथा समान अवसरों पर आधारित शौक्षिक एवं करियर संबंधी मार्गों के साथ करियर मार्गदर्शन शामिल हैं। उन्होंने स्कूली शिक्षा से उच्च शिक्षा, कौशल विकास और रोज़गार की ओर सहज एवं निर्बाध संक्रमण की आवश्यकता पर ज़ोर दिया। उन्होंने कहा कि इससे विद्यार्थियों को सोच-समझकर निर्णय लेने में मदद मिलेगी, जिससे वे आजीवन प्रगती कर सकेंगे, समाज में योगदान दे सकेंगे और गरिमापूर्ण जीवन जी सकेंगे।

दो दिवसीय इस शिखर सम्मेलन का उद्देश्य मुख्यधारा की स्कूली शिक्षा के साथ कौशल शिक्षा के एकीकरण को मज़बूत करना और विद्यार्थियों के लिए स्कूल से कार्यक्षेत्र तक की यात्रा को अधिक सुगम बनाना है। इसमें विद्यालय प्रमुखों, शिक्षकों, उद्योग जगत के विशेषज्ञों और नीतिनिर्माताओं को एक मंच पर लाया जा रहा है, ताकि वे कार्यबल की उभरती आवश्यकताओं तथा विद्यार्थियों को भावी करियर के लिए तैयार करने के नवोन्मेषी तरीकों पर विचार-विमर्श कर सकें। यह सम्मेलन प्रतिभागियों को आपस में सम्पर्क स्थापित करने, साझेदारियाँ विकसित करने तथा एक-दूसरे से मार्गदर्शन और सहयोग प्राप्त करने के अवसर भी प्रदान कर रहा है।

यह शिखर सम्मेलन शिक्षा की विभिन्न धाराओं के बीच की बाधाओं को दूर करने और विद्यार्थियों को रोज़गार के बदलते परिदृश्य में आगे बढ़ने के लिए आवश्यक दक्षताओं से लैस करने के महत्व को रेखांकित करता है। यह राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 की परिकल्पना के अनुरूप है।

परसपर संवादात्मक सत्रों और विशेषज्ञों के साथ चर्चाओं के माध्यम से सम्मेलल में प्रतिभागियों को नवाचारी शिक्षण पद्दतियों, मूल्याकंन के उभरते तरीकों, शिक्षा में डिजिटल प्रौद्योगिकी के एकीकरण तथा कौशल शिक्षा को मज़बूत करने के प्रभावी मॉडलों का पता लगाने का अवसर मिल रहा है।
इस शिखर सम्मेलन के अंतर्गत सीबीएसई से संबद्ध विद्यालयों के शिक्षक कौशल शिक्षा से जुड़ी सफल पहलों और सर्वोत्तम कार्य-प्रथाओं को रेखांकित करने वाले केस-आधारित शोध-पत्र तथा पोस्टर प्रस्तुत कर रहे हैं। सम्मेलन प्रतिभागियों को स्कूली शिक्षा में उभरते रुझानों और परिवर्तनकारी कार्य-पद्दतियों की जानकारी भी प्रदान करेगा। इसके साथ ही, शिक्षण-अधिगम प्रक्रियाओं को बेहतर बनाने के लिए नवाचारी और व्यावहारिक रणनीतियों से भी परिचित कराएगा।
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पीके/केसी/आरटी/आईएम/एनजे
(रिलीज़ आईडी: 2328496)
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