राष्ट्रपति सचिवालय
azadi ka amrit mahotsav

एस्टोनिया के राष्ट्रपति ने भारत की राष्ट्रपति से मुलाकात की

प्रविष्टि तिथि: 19 FEB 2026 7:21PM by PIB Delhi

एस्टोनिया के राष्ट्रपति महामहिम श्री अलार करिस  ने आज (19 फरवरी 2026) राष्ट्रपति भवन में भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/PR519022026GUAA.JPG

एस्टोनिया गणराज्य के राष्ट्रपति के रूप में श्री करिस की पहली भारत यात्रा पर उनका स्वागत करते हुए, राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और एस्टोनिया के बीच मधुर और मैत्रीपूर्ण संबंध साझा लोकतांत्रिक मूल्यों, अंतर्राष्ट्रीय कानून के प्रति सम्मान और नियम-आधारित वैश्विक व्यवस्था के प्रति साझा प्रतिबद्धता पर आधारित हैं।

राष्ट्रपति ने उल्लेख किया कि एस्टोनिया ने डिजिटल और एआई (AI) की दुनिया में उल्लेखनीय योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि 'एआई इम्पैक्ट समिट' में एस्टोनिया की भागीदारी इस शिखर सम्मेलन के लिए अत्यंत मूल्यवान है, विशेष रूप से एआई और शिक्षा के क्षेत्र में उसकी नेतृत्वकारी भूमिका को देखते हुए।

राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और एस्टोनिया का यह साझा विश्वास है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वैश्विक कल्याण का माध्यम बनना चाहिए। बढ़ती वैश्विक अनिश्चितताओं के दौर में साइबर सुरक्षा और एआई के सुरक्षित उपयोग में सहयोग और अधिक महत्वपूर्ण हो जाता है। उन्होंने संतोष व्यक्त किया कि डिजिटल क्षेत्र में भारत और एस्टोनिया के बीच सार्थक सहयोग रहा है। उन्होंने कहा कि एस्टोनिया तकनीक और आईटी में उत्कृष्ट स्थान रखता है, जबकि भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम अत्यंत सशक्त और गतिशील है। एस्टोनिया की तकनीकी विशेषज्ञता और भारत के स्टार्टअप्स की ऊर्जा का संयोजन दोनों देशों के लिए लाभकारी सिद्ध हो सकता है।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/PR619022026B9WF.JPG

राष्ट्रपति ने कहा कि भारत-यूरोपीय संघ (ईयू) के संबंध अब रणनीतिक गति के चरण में प्रवेश कर चुके हैं। भारत यूरोपीय संघ और उसके सदस्य देशों के साथ अपने संबंधों को बहुत महत्व देता है। उन्होंने भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के सफल निष्कर्ष के लिए एस्टोनिया के समर्थन की तारीफ की। उन्होंने कहा कि यह एफटीए समझौता नए अवसरों के द्वार खोलेगा।

दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति व्यक्त की कि भारत और एस्टोनिया के बीच द्विपक्षीय सहयोग को और गहरा करने की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने हाल के वर्षों में तकनीक, डिजिटल गवर्नेंस और व्यापार विस्तार पर केंद्रित उच्च-स्तरीय आदान-प्रदान में आई तेजी पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने विश्वास जताया कि यह यात्रा हमारे द्विपक्षीय सहयोग में इस सकारात्मक गति को बनाए रखने में मदद करेगी।

***

पीके/केसी/केजे/एसएस


(रिलीज़ आईडी: 2230432) आगंतुक पटल : 117
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Gujarati