कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय
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प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग ने अगस्त, 2026 के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए केंद्रीकृत लोक शिकायत समाधान एवं निगरानी प्रणाली (सीपीजीआरएएमएस) पर 49वीं रिपोर्ट जारी की


अगस्त में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए कुल 98,997 लोक शिकायत (पीजी) मामले प्राप्त हुए और 79,639 मामलों का समाधान किया गया

सेवोत्तम योजना के अंतर्गत पिछले पांच वित्तीय वर्ष में 1,270 प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरे किए गए जिनमें लगभग 42,011 अधिकारियों को प्रशिक्षित किया गया

प्रविष्टि तिथि: 25 SEP 2026 5:39PM by PIB Delhi

प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) ने अगस्त, 2026 के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए केंद्रीकृत लोक शिकायत समाधान एवं निगरानी प्रणाली (सीपीजीआरएएमएस) की 49वीं मासिक रिपोर्ट जारी की। इस रिपोर्ट में लोक शिकायतों के प्रकार और श्रेणियों तथा राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा उनके निपटान के तरीके का विस्तृत विश्लेषण प्रदान किया गया है।

इस वर्ष अगस्त में, राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 98,997 लोक शिकायत (पीजी) मामले प्राप्त हुए और 79,639 मामलों का समाधान किया गया। अगस्त में उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक 28,939 मामलों का निपटान किया गया, इसके बाद गुजरात का स्थान है जहां 6,810 मामलों का निपटान हुआ। 31 अगस्त, 2026 तक, सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सीपीजीआरएएमएस पोर्टल पर लंबित पीजी मामलों की कुल संख्या 2,53,040 है। इसके अलावा, 23 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में से प्रत्येक में 1,000 से अधिक पीजी मामले लंबित हैं।  यह रिपोर्ट अगस्त 2026 में सीपीजीआरएएमएस पोर्टल के ज़रिए सीपीजीआरएएमएस पर दर्ज हुए नए उपयोक्ताओं के आंकड़े देती है। अगस्त 2026 में अलग-अलग माध्यमों से सीपीजीआरएएमएस पर कुल 1,38,801 नए उपयोक्ताओं ने पंजीकरण किया, जिनमें से 42,054 पंजीकरण पश्चिम बंगाल से हैं।

रिपोर्ट में इस वर्ष अगस्त में सामान्य सेवा केंद्रों के ज़रिए दर्ज की गई शिकायतों का राज्य-वार विश्लेषण भी दिया गया है। सीपीजीआरएएमएस को सामान्य सेवा केंद्र (सीएससी) पोर्टल के साथ जोड़ा गया है।  यह 5 लाख से ज़्यादा सीएससी पर उपलब्ध है, जो 2.5 लाख ग्राम स्तरीय उद्यमियों (वीएलई) से जुड़े हैं। इस वर्ष अगस्त में सामान्य सेवा केंद्रों के ज़रिए कुल 8,999 शिकायतें दर्ज की गईं।

रिपोर्ट में 'सेवोत्तम' स्कीम के अंतर्गत पिछले पाँच वित्त वर्ष में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों और प्रशिक्षित किए गए अधिकारियों की कुल संख्या की जानकारी भी दी गई है। वित्त वर्ष 2022–23 और 2026–27 के बीच, कुल 1,217 प्रशिक्षण कोर्स आयोजित किए गए, जिनमें लगभग 40,077 अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया।

 

क्र. सं.

वित्तीय वर्ष

प्रशिक्षण आयोजित

प्रशिक्षण पाने वाले अधिकारी

1

2022-23

280

8,496

2

2023-24

236

8,477

3

2024-25

319

10,881

4

2025-26

330

10,538

5

2026-27 (31 अगस्त तक)

105

3,619

कुल

1,270

42,011

 

 

इस वर्ष अगस्त की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:

 

सामान्य मुख्य विशेषताएं

 

  • सेवोत्तम योजना के अंतर्गत पिछले पांच वित्तीय वर्ष (वित्त वर्ष  2022-23 से वित्त वर्ष 2026-27) में 1,270 प्रशिक्षण कोर्स संपन्न किए गए हैं। इनमें लगभग 42,011 अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया।

 

  • इस वर्ष अगस्त में, पश्चिम बंगाल को सीएससी के माध्यम से सबसे अधिक शिकायतें प्राप्त हुईं। ये सीएससी के माध्यम से प्राप्त कुल 8,999 शिकायतों का 44% थीं।

 

सीपीजीआरएएमएस पर लोक शिकायतों की स्थिति

 

  • इस वर्ष अगस्त में, राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 98,997 लोक शिकायत (पीजी) मामले प्राप्त हुए और 79,639 पीजी मामलों का समाधान किया गया।

 

  • उत्तर प्रदेश ने इस वर्ष अगस्त में 28,939 पीजी मामलों के साथ सबसे अधिक शिकायतों का निपटारा किया। इसके बाद गुजरात और राजस्थान का स्थान रहा जहां क्रमशः 6,810 और 5,895 पीजी मामलों का निपटारा किया गया।

 

सीपीजीआरएएमएस पर लोक शिकायतों के लंबित रहने की स्थिति

 

  • 31 अगस्त, 2026 तक 23 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 1,000 से अधिक शिकायतें लंबित हैं।

 

  • राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में, 31 अगस्त, 2026 तक कुल 2,53,040 सार्वजनिक शिकायत (पीजी) मामले लंबित हैं।

 

रिपोर्ट का लिंक

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पीके/केसी/आरटी/पीके


(रिलीज़ आईडी: 2315056) आगंतुक पटल : 56
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