भारी उद्योग मंत्रालय
दिनांक 10.07.2026 तक, पीएम-ईबस सेवा-पीएसएम योजना के तहत देश भर में कुल 523 ई-बसें तैनात की गई हैं
प्रविष्टि तिथि:
04 AUG 2026 6:34PM by PIB Delhi
दिनांक 10.07.2026 तक, पीएम-ईबस सेवा-पेमेंट सिक्योरिटी मैकेनिज्म (पीएसएम) योजना में लक्ष्य के तौर पर निर्धारित कुल 38,000 ई-बसों में से 27,555 ई-बसें शामिल हैं। इनमें से 10,000 ई-बसें आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय (एमओएचयूए) की पीएम-ईबस सेवा योजना के तहत हैं, 14,000 ई-बसें भारी उद्योग मंत्रालय (एमएचआई) की पीएम ई-ड्राइव योजना के तहत हैं, और 3,555 ई-बसें विभिन्न राज्य सरकारों/राज्य परिवहन उपक्रमों (एसटीयू) की पहलों के तहत हैं।
दिनांक 10.07.2026 तक, पीएम-ईबस सेवा-पीएसएम योजना के तहत देश भर में कुल 523 ई-बसें तैनात की गई हैं। इसके अलावा, पीएसएम योजना के तहत आने वाली एमओएचयूए की पीएम-ईबस सेवा योजना के तहत ओडिशा राज्य को 400 ई-बसें आवंटित की गई हैं। लेकिन 03.08.2026 तक, इनकी कोई तैनाती नहीं हुई है।
सरकार ने 23.09.2021 को उन्नत ऑटोमोटिव उत्पादों (एएटी) के लिए भारत की मैन्यूफैक्चरिंग क्षमताओं को बढ़ाने के उद्देश्य से ऑटोमोबाइल एवं ऑटो घटक उद्योग के लिए पीएलआई योजना (पीएलआई-ऑटो योजना) को मंजूरी दी और इसके लिए 25,938 करोड़ रुपये का बजट रखा गया। सभी राज्यों में पीएलआई-ऑटो योजना के कार्यान्वयन की स्थिति इस प्रकार है:-
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मापदंड
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31.03.2026 तक कुल मिलाकर
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निवेश (करोड़ रुपये में)
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44,326
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वृद्धिशील बिक्री (आधार वर्ष वित्तीय वर्ष 2019-20) (करोड़ रुपये में)
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52,414
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रोजगार सृजन (संख्या)
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67,820
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वितरित प्रोत्साहन (करोड़ रुपये में)
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2,386.36
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फेम इंडिया योजना का दूसरा चरण 31.03.2024 को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। भले ही अभी “फेम-III” नाम की कोई योजना कार्यान्वित नहीं की जा रही है, लेकिन पीएम इलेक्ट्रिक ड्राइव रिवोल्यूशन इन इनोवेटिव व्हीकल एन्हांसमेंट (पीएम ई-ड्राइव) योजना के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन प्रदान किए जा रहे हैं ताकि देश भर में इनका उपयोग तेजी से बढ़ सके। पीएम ई-ड्राइव योजना को 24.09.2024 को अधिसूचित किया गया था और इसके लिए कुल 10,900 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।
भारी उद्योग मंत्रालय ने ‘भारतीय पूंजीगत सामानों के क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बढ़ाने की योजना’ के तहत इंडस्ट्री 4.0 को बढ़ावा देने हेतु 4 स्मार्ट एडवांस्ड मैन्यूफैक्चरिंग एंड रैपिड ट्रांसफॉर्मेशन हब (समर्थ) सेंटर स्थापित किए हैं। इस योजना के तहत एमएचआई द्वारा स्थापित समर्थ सेंटरों का विवरण इस प्रकार है:
i. सेंटर फॉर इंडस्ट्री 4.0 (C4आई4) लैब पुणे;
ii. आईआईटीडी-एआईए फाउंडेशन फॉर स्मार्ट मैन्यूफैक्चरिंग, आईआईटी दिल्ली;
iii. आई-4.0 इंडिया @ आईआईएससी, बेंगलुरु;
iv. स्मार्ट मैन्यूफैक्चरिंग डेमो एंड डेवलपमेंट सेल, सीएमटीआई, बेंगलुरु:
इसके अलावा, जनवरी 2023 से समर्थ केन्द्रों द्वारा की गई प्रगति का विवरण इस प्रकार है:
i. आने वाले लोगों की संख्या: 26,372
ii. प्रशिक्षण पाने वाले लोगों की संख्या: 33,751
iii. आयोजित कोर्स/प्रशिक्षण कार्यक्रमों की संख्या: 332
(e): वर्तमान में ‘भारतीय पूंजीगत सामानों के क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बढ़ाने की योजना-फेज II’ के तहत कॉमन इंजीनियरिंग फैसिलिटी सेंटरों की संख्या बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है।
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पीके/केसी/आर /डीए
(रिलीज़ आईडी: 2294557)
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