शिक्षा मंत्रालय
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विश्वविद्यालय टाउनशिप एवं शिक्षा-से-रोजगार पहलों का कार्यान्वयन

प्रविष्टि तिथि: 27 JUL 2026 6:27PM by PIB Delhi

भारत सरकार ने शिक्षा क्षेत्र को एक बहु-विषयक, समावेशी और शिक्षार्थी-केंद्रित इकोसिस्टम में बदलने के लिए राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 को तैयार और स्वीकृत किया है। यह सभी के लिए शिक्षा की पहुँच, समता और गुणवत्ता बढ़ाने को उच्च प्राथमिकता देती है। यह भौतिक बुनियादी ढाँचे, डिजिटल साधनों व कनेक्टिविटी, और उद्योग तथा शिक्षा जगत के बीच मजबूत संबंधों को बढ़ावा देती है।

एनईपी 2020 के दृष्टिकोण के अनुरूप, केंद्रीय बजट 2026-27 में यह घोषणा की गई है कि केंद्र सरकार प्रमुख औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स गलियारों के पास 5 विश्वविद्यालय टाउनशिप  बनाने में, चैलेंज रूट के माध्यम से राज्यों की सहायता करने का लक्ष्य रखती है। उच्च शिक्षा विभाग ने संबंधित हितधारकों जैसे कि राज्य सरकारों, शिक्षा जगत और उद्योग प्रतिनिधियों आदि के साथ परामर्श प्रक्रिया शुरू कर दी है।

भारत को सेवाओं के क्षेत्र में एक वैश्विक नेता बनाने, और विकास, रोजगार तथा निर्यात की क्षमता का अधिकतम लाभ उठाने के लिए, साथ ही नौकरियों और कौशल आवश्यकताओं पर एआई  सहित उभरती प्रौद्योगिकियों के प्रभाव का आकलन करने और उपाय सुझाने के लिए, केंद्रीय बजट 2026-27 में एक उच्च-स्तरीय शिक्षा से रोजगार और उद्यम स्थायी समिति गठित करने की भी घोषणा की गई है। यह समिति ऐसे उपायों की सिफारिश करेगी जो 'विकसित भारत' के मुख्य चालक के रूप में सेवा क्षेत्र पर ध्यान केंद्रित करते हैं। समिति का की संरचना संलग्नक में दी गई है।

एनईपी 2020 के अनुरूप, केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने स्कूली पाठ्यक्रम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और कम्प्यूटेशनल थिंकिंग (सीटी) को शामिल किया है। यह रूपरेखा 2030 तक शिक्षार्थियों को एआई-साक्षर बनाने के उद्देश्य से प्रारंभिक चरण से ही एआई की शुरुआत करती है, जिसका मुख्य ध्यान कम्प्यूटेशनल थिंकिंग, डिजिटल साक्षरता, नवाचार, समस्या-समाधान और प्रौद्योगिकी के जिम्मेदार उपयोग पर है।

एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिग और कॉमिक्स (एवीजीसी) क्षेत्र के लिए पेशेवरों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए, भारत सरकार ने केंद्रीय बजट 2026-27 में इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज, मुंबई के सहयोग से 15,000 माध्यमिक विद्यालयों और 500 कॉलेजों में एवीजीसी कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने की घोषणा की है।

यह जानकारी शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. सुकांता मजूमदार ने आज लोकसभा में एक लिखित उत्तर में दी।

अनुलग्नक

लोकसभा में एडवोकेट चंद्रशेखर  `विश्यविद्यालय टाउनशिप और शिक्षा-से-रोजगार पहलों का कार्यान्वयन` विषय पर द्वारा पूछे गए  अतारांकित प्रश्न सं. 1263, जिसका उत्तर 27.07.2026 को दिया गया, के भाग (अ) से (स) के उत्तर में निर्दिष्ट अनुलग्नक

उच्च-स्तरीय 'शिक्षा से रोजगार और उद्यम' स्थायी समिति क संरचना

 

 

क्रम सं.

नाम एवं पदनाम

भूमिका

1.

सीईओ, नीति आयोग

सभापति

2.

सचिव, वाणिज्य विभाग

सदस्य

3.

सचिव, आर्थिक मामले विभाग

सदस्य

4.

सचिव, आईटी एवं इलेक्ट्रानिक्स मंत्रालय

सदस्य

5.

सचिव, उच्च शिक्षा विभाग

सदस्य

6.

सचिव, श्रम एवं सेवायोजन मंत्रालय

सदस्य

7.

सचिव, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय

सदस्य

8.

सचिव, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग

सदस्य

9.

सचिव, सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय

सदस्य

10.

मुख्य सचिव, आंध्र प्रदेश सरकार

सदस्य

11.

मुख्य सचिव, बिहार सरकार

सदस्य

12.

मुख्य सचिव, महाराष्ट्र सरकार

सदस्य

13.

मुख्य सचिव, उत्तर प्रदेश सरकार

सदस्य

14.

डीजी, सीआईआई

सदस्य

15.

डीजी, फिक्की

सदस्य

16.

एसजी, एफआईएसएमई

सदस्य

17.

अध्यक्ष, नैस्कॉम

सदस्य

18.

डीजी, एसईपीसी

सदस्य

19.

डॉ ए. शक्थिवेल, संस्थापक अध्यक्ष, तिरूपुर एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन

सदस्य

20.

डॉ चंदन चौधरी, प्रोफेसर, आईएसबी

सदस्य

21.

डॉ. रजत कथूरिया, डीन, स्कूल ऑफ ह्यूमिनिटीज एंड सोशल साइंसेज, शिव नादर विश्वविद्यालय

सदस्य

22.

कार्यक्रम निदेशक (सेवाएं), नीति आयोग

सदस्य संयोजक

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पीके/केसी/एसके


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