स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने ‘एकीकृत स्वास्थ्य इंटरफेस (यूएचआई)’ का शुभारंभ किया
यूएचआई रोगियों और स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं को किसी एक ऐप तक सीमित हुए बिना विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्मों पर आपस में जुड़ने में सक्षम बनाता है
प्रविष्टि तिथि:
29 JUN 2026 4:48PM by PIB Delhi
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज नई दिल्ली में एकीकृत स्वास्थ्य इंटरफेस – डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के लिए अंतर-संचालनीय नेटवर्क - का शुभारंभ किया। एकीकृत स्वास्थ्य इंटरफेस (यूएचआई) आयुष भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) की एक सेवा परत है। यह समान तकनीकी मानकों वाला एक ओपन नेटवर्क है, जो रोगियों और स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं को किसी एक एप्लिकेशन से बंधे बिना विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्मों पर आपस में जुड़ने में सक्षम बनाता है। भारत के मौजूदा डिजिटल स्वास्थ्य इकोसिस्टम में मरीज और प्रदाता दोनों को बातचीत करने के लिए एक ही प्लेटफॉर्म पर होना अनिवार्य होता है। ये प्रदाताओं को केवल एक एप्लिकेशन की मांग तक सीमित करता है और नागरिकों को भी एक ही ऐप पर सीमित सेवाओं और प्रदाताओं तक समेट देता है। यूएचआई किसी भी सत्यापित भागीदार को किसी अन्य भागीदार को खोजने और उसके साथ लेन-देन करने की अनुमति देकर इस समस्या का समाधान करता है, चाहे वे किसी भी ऐप का उपयोग कर रहे हों।
यूएचआई कैसे काम करता है?
यूएचआई राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एनएचए) द्वारा विकसित और संचालित राष्ट्रीय आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के एक मुख्य गेटवे पर ओपन प्रोटोकॉल के माध्यम से काम करता है। जब कोई नागरिक यूएचआई-सक्षम ऐप का उपयोग करके स्वास्थ्य सेवा की खोज करता है, तो अनुरोध गेटवे के माध्यम से पंजीकृत सेवा प्रदाताओं तक भेजा जाता है। खोज और बुकिंग से लेकर सेवा प्राप्ति तक की पूरी प्रक्रिया एक साझा भाषा के माध्यम से सुगम बनाई जाती है, चाहे सेवा प्राप्त करने या प्रदान करने के लिए किसी भी प्लेटफॉर्म का उपयोग किया गया हो। यह नेटवर्क एबीडीएम के मुख्य स्तंभो का उपयोग करता है – रोगी की पहचान के लिए आभा (एबीएचए), प्रदाता सत्यापन के लिए हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स रजिस्ट्री (एचपीआर) व हेल्थ फैसिलिटी रजिस्ट्री (एचएफआर) और सहमति-आधारित डेटा साझाकरण के लिए हेल्थ इन्फॉर्मेशन एक्सचेंज।
मुख्य+ उद्देश्य
यूएचआई चार सिद्धांतों पर आधारित है:
अंतर-संचालनीयता - रोगी और प्रदाता देखभाल प्राप्त करने या प्रदान करने के लिए किसी भी यूएचआई-सक्षम प्लेटफॉर्म का उपयोग कर सकते हैं, जिससे साझा प्लेटफार्मों पर निर्भरता समाप्त हो जाती है, जो वर्तमान में डिजिटल स्वास्थ्य तक पहुंच को सीमित करती है।
निष्पक्ष खोज - प्रत्येक सत्यापित स्वास्थ्य सेवा प्रदाता को, चाहे उसका आकार, भौगोलिक स्थिति या प्लेटफ़ॉर्म कुछ भी हो, नेटवर्क पर खोजे जाने का समान अवसर रखता है।
सत्यापन - केवल एबीडीएम रजिस्ट्रियों (एचपीआर और एचएफआर) के माध्यम से प्रमाणित सत्यापित डॉक्टरों और सुविधाओं को ही भाग लेने की अनुमति दी जाती हैं, जिससे नागरिकों को नेटवर्क पर भरोसा कर सकें।
ओपन प्रोटोकॉल - यूएचआई सभी के लिए सुलभ ओपन स्पेसिफिकेशन्स पर आधारित है, जो किसी भी आकार के डेवलपर्स को किसी भी भाषा में, किसी भी डिवाइस पर स्वास्थ्य एप्लिकेशन बनाने और पेश करने में सक्षम बनाता है।
लाभ
यूएचआई का उद्देश्य सूचना विषमता को दूर करना, स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को सुगम बनाना और विभिन्न सेवाओं में सत्यापित प्रदाताओं के व्यापक विकल्प उपलब्ध कराना है। नागरिकों के लिए यूएचआई खंडित अनुभव की जगह किसी भी अनुकूल ऐप के माध्यम से सत्यापित स्वास्थ्य सेवाओं तक खुली पहुंच प्रदान करता है - पूर्ण पारदर्शिता के साथ और किसी भी प्लेटफॉर्म पर निर्भरता के बिना। यह विशेष रूप से अर्ध-शहरी और ग्रामीण आबादी के लिए महत्वपूर्ण है, जो पारंपरिक रूप से देखभाल प्राप्त करने के लिए अनौपचारिक माध्यमों पर निर्भर रहे हैं। स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं - व्यक्तिगत डॉक्टरों, छोटे क्लीनिकों और निदान केंद्रों - के लिए यूएचआई किसी एक प्लेटफॉर्म पर निर्भरता के बिना समान शर्तों पर नेटवर्क-व्यापी मांग तक पहुंच प्रदान करता है। डेवलपर्स और नवप्रवर्तकों के लिए ओपन प्रोटोकॉल आर्किटेक्चर किसी भी पैमाने पर, किसी भी भाषा में, किसी भी डिवाइस पर नए स्वास्थ्य सेवा एप्लिकेशन बनाने में सक्षम बनाता है।
यूएचआई पर लाइव सेवाएं
चार सेवाएं अब लाइव हैं और किसी भी यूएचआई-अनुकूल एप्लिकेशन के माध्यम से नागरिकों के लिए उपलब्ध हैं :
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सेवा
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नागरिक क्या कर सकते हैं
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ब्लड बैंक खोज
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ई-रक्तकोश के साथ एकीकृत देशभर के ब्लड बैंकों में समूह और प्रकार के आधार पर वास्तविक समय में रक्त की उपलब्धता की जांच करें।
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पीएमजेएवाई सूचीबद्ध अस्पताल खोज
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पीएमजेएवाई लाभार्थी हेल्थ एम्पेनलमेंट मॉड्यूल (एचईएम) के माध्यम से भौगोलिक स्थिति और विशेषज्ञता के आधार पर सूचीबद्ध अस्पतालों का पता लगा सकते हैं।
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जन औषधि केंद्र खोज
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सस्ती जेनेरिक दवाएं प्राप्त करने के लिए नजदीकी प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्रों का पता लगाएं।
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एम्बुलेंस खोज और बुकिंग
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किसी भी यूएचआई-अनुकूल ऐप के माध्यम से वास्तविक समय में सत्यापित एम्बुलेंस सेवाओं को खोजें और बुक करें, जिससे आपातकालीन देखभाल तक तेजी से पहुंच संभव हो सके।
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डॉक्टर से परामर्श
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डॉक्टरों से व्यक्तिगत रूप से मिलने के लिए खोजें और बुक करें, एक ही ऐप पर आस-पास के सभी स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं का पता लगाएं।
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भावी संभावनाएं
एनएचए सेवाओं की श्रेणी और नेटवर्क में भागीदारी की गहराई दोनों का सक्रिय रूप से विस्तार कर रहा है। अगले चरण में नागरिकों के लिए कई नई सेवाएं लाई जाएंगी, जिनमें शामिल हैं:
लैब डायग्नोस्टिक्स डिस्कवरी - नागरिकों को आस-पास डायग्नोस्टिक टेस्ट खोजने और बुक करने में मदद करना।
टीकाकरण केंद्र की खोज और स्लॉट बुकिंग।
फार्मेसी की खोज, जिसमें लाइसेंस प्राप्त निजी फार्मेसियों और सरकारी दुकानों दोनों को शामिल किया गया है।
प्रमुख सरकारी स्वास्थ्य प्लेटफार्मों पर उपलब्ध सेवाओं की खोज - नागरिकों को राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों से जोड़ना, ताकि प्रत्येक सरकारी स्वास्थ्य पहल तक एक ही नेटवर्क के माध्यम से पहुंचा जा सके।
एनएचए का विजन यूएचआई को देशव्यापी खुले स्वास्थ्य डिजिटल अवसंरचना के रूप में विकसित करने का है, जहां कोई भी नागरिक किसी भी ऐप के माध्यम से सत्यापित स्वास्थ्य सेवाएं खोज और प्राप्त कर सके तथा कोई भी स्वास्थ्य सेवा प्रदाता- चाहे उसका आकार या स्थान कुछ भी हो-नेटवर्क से जुडकर अपनी सेवाएं उपलब्ध करा सकें। जैसे-जैसे सेवाओं का दायरा और नेटवर्क की भागीदारी बढ़ेगी, यूएचआई भारत की स्वास्थ्य अर्थव्यवस्था की साझा डिजिटल आधारशिला बनने की दिशा में अग्रसर होगा।
यूएचआई के माध्यम से एबीडीएम नागरिक-केंद्रित स्वास्थ्य सेवा इकोसिस्टम के लिए आवश्यक डिजिटल आधारभूत संरचना विकसित कर रहा है, ताकि देश के प्रत्येक नागरिक को, चाहे वो किसी भी क्षेत्र में रहता हो, किसी भी प्लेटफॉर्म का उपयोग करता हो या किसी भी स्वास्थ्य सेवा प्रदाता तक पहुंचना चाहता हो, गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं आसानी से उपलब्ध और खोजने योग्य हो सकें।
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पीके/केसी/आईएम/जीआरएस
(रिलीज़ आईडी: 2279108)
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