विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय
azadi ka amrit mahotsav

मोदी सरकार की कल्याणकारी योजनाएं जरूरतमंदों तक लाभ का वितरण बिना किसी भेदभाव के समान रूप से कर रही हैं: डॉ. जितेंद्र सिंह


कल्याणकारी लाभ सभी पात्र नागरिकों तक बिना किसी जाति, धर्म या वोट-बैंक राजनीति के पहुंच रहे है: डॉ जितेंद्र सिंह

डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि समावेशी कल्याणकारी योजनाओं का वितरण मोदी सरकार की 12 वर्षों की यात्रा की विशेषता है

मोदी सरकार के संतृप्ति-आधारित दृष्टिकोण ने हर योग्य नागरिक तक लाभ पहुंच सुनिश्चित किया है: डॉ जितेंद्र सिंह

कल्याणकारी लाभों के समान वितरण ने सामाजिक न्याय एवं समावेश को मजबूत किया है: डॉ. जितेंद्र सिंह

कल्याणकारी योजनाओं के अंतिम छोर तक पहुंचने से लगभग 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले हैं: डॉ. जितेंद्र सिंह

प्रविष्टि तिथि: 19 JUN 2026 7:03PM by PIB Delhi

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, लोक शिकायत निवारण, पेंशन, परमाणु ऊर्जा एवं अंतरिक्ष राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि मोदी सरकार के पिछले 12 वर्षों की मुख्य विशेषता प्रत्येक पात्र नागरिक तक कल्याणकारी लाभों का समान वितरण रहा है, जिसमें जाति, पंथ, धर्म या वोट-बैंक की राजनीति के आधार पर कोई भेदभाव नहीं किया गया है।

डॉ. जितेंद्र सिंह ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर चंडीगढ़ में आज एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि 'सैचुरेशन-बेस्ड अप्रोच' (संतृप्ति-आधारित दृष्टिकोण) के माध्यम से कल्याणकारी योजनाएं अंतिम छोर तक पहुंची हैं, जिससे यह सुनिश्चित हुआ है कि लाभ का वितरण केवल पात्रता एवं आवश्यकता के आधार पर ही प्रदान की जाए।

डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में शासन के कार्यान्वयन में एक मूलभूत बदलाव आया है, जिसमें पारदर्शिता, जवाबदेही एवं तकनीक-आधारित कार्यान्वयन ने यह सुनिश्चित किया है कि सार्वजनिक संसाधनों का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि आवास, स्वच्छता, स्वास्थ्य देखभाल, वित्तीय समावेशन, खाद्य सुरक्षा, स्वच्छ खाना पकाने वाला ईंधन एवं सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं ने पूरे देश में लाखों परिवारों की जीवन गुणवत्ता में सुधार किया है।

डॉ. जितेंद्र सिंह ने इस 12 वर्षों के दौरान देश की सामाजिक-आर्थिक प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि लगभग 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले हैं, जो सतत कल्याण मध्यवर्तन एवं समावेशी विकास नीतियों के प्रभाव को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि विकास का लाभ समाज के उन वर्गों तक पहुंचा हैं जो दशकों तक इनसे वंचित रहे हैं, जिससे सामाजिक समानता एवं आर्थिक भागीदारी मजबूत हुई है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि संसाधनों एवं अवसरों का लोकतंत्रीकरण ने विकास प्रक्रिया में व्यापक भागीदारी को संभव बनाया है। उन्होंने कहा कि बुनियादी सुविधाओं, वित्तीय सेवाओं, डिजिटल प्लेटफॉर्म एवं जनकल्याण योजनाओं तक पहुंच बहुत बढ़ी है, जिससे नागरिक देश की विकास यात्रा में सक्रिय हिस्सेदार बने हैं।

डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि समाज के निचले वर्गों के जीवन स्तर में सुधार होने से सामाजिक दृष्टिकोण एवं आकांक्षाओं में एक स्पष्ट बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि बेहतर आर्थिक सुरक्षा एवं अवसरों तक समान पहुंच ने देश की आबादी के बड़े हिस्सों में आत्मविश्वास एवं आत्म-सम्मान में वृद्धि की है, जिससे उन्हें बेहतर आजीविका एवं जीवन गुणवत्ता में सुधार करने का अवसर मिला है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में, शासन का ध्यान नागरिकों को सक्षम बनाने पर रहा है न कि उन्हें निर्भर बनाने पर, विशेष रूप से पारदर्शिता, कुशलता एवं परिणामों पर बल दिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार का दृष्टिकोण यह सुनिश्चित करने पर केंद्रीत रहा है कि विकास समाज के हर वर्ग तक पहुंचे और एक अधिक समावेशी एवं आत्मनिर्भर भारत की नींव मजबूत हो।

डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि पिछले 12 वर्षों की उपलब्धियां लोगों की साझा आकांक्षाओं को दर्शाती हैं और विकसित भारत के दृष्टिकोण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि करती हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले वर्षों में नागरिकों की भारत के विकास में भागीदारी और ज्यादा बढ़ेगी क्योंकि देश नवाचार, आर्थिक विकास एवं मानव विकास में एक प्रमुख वैश्विक शक्ति बनने की दिशा में अग्रसर है।

***

पीके/केसी/एके/डीके


(रिलीज़ आईडी: 2275420) आगंतुक पटल : 86
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu