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भाषिणी समुदाय पर 10,000 से अधिक योगदानकर्ता जुड़े, बहुभाषी एआई पारिस्थितिकी तंत्र के विकास को समर्थन देने वाला डिजिटल प्लेटफॉर्म

प्रविष्टि तिथि: 27 MAR 2026 6:32PM by PIB Delhi

भाषिणी समुदाय व्यक्तिगत योगदानकर्ताओं, स्टार्टअप्स, शैक्षणिक संस्थानों और अनुसंधान संगठनों को एकत्रित करने वाला केंद्रीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जो बहुभाषी एआई पारिस्थितिकी तंत्र के विकास को समर्थन देता है।

यह एआई मॉडलों को प्रशिक्षित करने के लिए भाषा संसाधनों तक पहुंच प्रदान करता है और डेटासेट, डोमेन-विशिष्ट शब्दकोश तथा एआई मॉडलों के निर्माण को समर्थन देता है। इस पहल के तहत एक संरचित ऑनबोर्डिंग तंत्र विकसित किया गया है।

10,000 से अधिक योगदानकर्ता जुड़ चुके हैं।

यह पहल डेटा निर्माण और एनोटेशन कार्यों में भागीदारी को भी समर्थन देती है, जो पारिस्थितिकी तंत्र के विकास और क्षमता निर्माण में योगदान देती है।

श्रुतलेक भाषिणी द्वारा विकसित एक एआई-संचालित, वास्तविक समय भाषण-से-पाठ प्रतिलेखन और अनुवाद उपकरण है। यह 22 भारतीय भाषाओं में एआई-आधारित सेवाओं को सक्षम बनाता है।

श्रुतलेक को भारत एआई प्रभाव शिखर सम्मेलन, विश्व आपदा प्रबंधन शिखर सम्मेलन (देहरादून), वीर बाल दिवस (पुदुच्चेरी), एआई4एग्री शिखर सम्मेलन 2026, आरबीआई हिंदी सेमिनार तथा टीआईई ग्लोबल शिखर सम्मेलन (राजस्थान चैप्टर) सहित प्रमुख राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर 100+ सत्रों में तैनात किया गया है।

विश्व आपदा शिखर सम्मेलन जैसे प्रमुख सम्मेलनों में इसका उपयोग वास्तविक समय प्रतिलेखन के लिए किया गया है, जहां कई सत्रों को समर्थन प्रदान किया गया। इसके अलावा, इस सॉफ्टवेयर को नीति आयोग द्वारा विकसित टारा डिवाइस के साथ एकीकृत किया गया है।

भाषा दान पहल भारतीय भाषा एआई मॉडलों को मजबूत करने के लिए विविध भाषाई डेटा को बड़े पैमाने पर भीड़स्रोत करने का एक निरंतर राष्ट्रीय प्रयास है। यह नागरिकों, स्वयंसेवकों और संस्थानों को कई भारतीय भाषाओं में पाठ और भाषण डेटा योगदान करने में सक्रिय भागीदारी सक्षम बनाता है।

यह कम-संसाधन और अवप्रतिनिधित्व वाली भाषाओं को शामिल करता है, जो समावेशी और प्रतिनिधित्वपूर्ण भाषा पारिस्थितिकी तंत्र निर्माण में मदद करता है।

इस पहल ने समानांतर कोरपोरा, भाषण डेटासेट तथा ध्वन्यात्मकरण संसाधनों सहित बड़े पैमाने पर उच्च-गुणवत्ता वाले डेटासेट के निर्माण को सुगम बनाया है। इन्हें अनुवाद, भाषण पहचान तथा भाषा प्रौद्योगिकियों के लिए एआई मॉडलों को प्रशिक्षित करने और निरंतर सुधारने के लिए उपयोग किया जा रहा है।

भाषिणी के तहत वॉयस-फर्स्ट एआई उपकरणों का तैनाती ने गैर-साक्षर और अर्ध-साक्षर आबादी, विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में, डिजिटल सेवाओं की पहुंच और वितरण को काफी सुधार दिया है।

महाविस्तार-एआई, महाराष्ट्र सरकार के कृषि विभाग द्वारा विकसित एक एआई-संचालित मोबाइल एप्लिकेशन, भाषिणी-सक्षम बहुभाषी क्षमताओं का लाभ उठाता है ताकि किसानों को वास्तविक समय सलाह सेवाएं प्रदान की जा सकें।

यह प्लेटफॉर्म बहुभाषी संवादात्मक इंटरफेस के माध्यम से बुआई, कीट प्रबंधन, उपज पूर्वानुमान तथा जलवायु-अनुकूल अभ्यासों पर व्यक्तिगत मार्गदर्शन प्रदान करता है, साथ ही मौसम, बाजार मूल्य और कृषि मौसम सलाह पर वास्तविक समय अपडेट देता है।

मातृभाषाओं में भाषण के माध्यम से बातचीत सक्षम करके, ये समाधान पाठ-आधारित इंटरफेस पर निर्भरता को कम करते हैं और नागरिकों को अधिक सहज और समावेशी तरीके से सेवाओं तक पहुंचने की अनुमति देते हैं।

यह जानकारी 27.03.2026 को राज्यसभा में इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री श्री जितिन प्रसाद द्वारा प्रस्तुत की गई।

 

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पीके/ केसी/एमएम /डीए 


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