वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय
सरकार स्टार्टअप इंडिया पहल के अंतर्गत तीन प्रमुख योजनाओं के माध्यम से स्टार्टअप इकोसिस्टम को मदद करती है
प्रविष्टि तिथि:
12 DEC 2025 4:13PM by PIB Delhi
स्टार्टअप इंडिया पहल के अंतर्गत, सरकार तीन प्रमुख योजनाएं लागू कर रही है, जैसे, फंड ऑफ फंड्स फॉर स्टार्टअप्स (एफएफएस), स्टार्टअप इंडिया सीड फंड स्कीम (एसआईएसएफएस) और क्रेडिट गारंटी स्कीम फॉर स्टार्टअप्स (सीजीएसएस), जिससे स्टार्टअप्स को उनके बिजनेस साइकिल के अलग-अलग चरणों में सभी श्रेणी और सेक्टर में मदद मिल सके।
एफएफएस को वेंचर कैपिटल निवेश को प्रोत्साहन देने के लिए स्थापित किया गया है और इसे भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) द्वारा चलाया जाता है, जो भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) में पंजीकृत अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड्स (एआईएफ) को पूंजी देता है, जो इसके बदले स्टार्टअप्स में निवेश करते हैं। 31 अक्टूबर 2025 तक, सपोर्टेड एआईएफ ने कैलेंडर वर्ष 2020, 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में 154 महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप्स में लगभग 2,838.9 करोड़ रुपये का निवेश किया है। राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश (यूटी) के अनुसार और साल के अनुसार जानकारी अनुलग्नक-I में दिए गए हैं।
एसआईएसएफएस इनक्यूबेटर के माध्यम से सीड स्टेज स्टार्टअप्स को वित्तीय मदद करता है। एसआईएसएफएस 1 अप्रैल 2021 से लागू किया गया है। 31 अक्टूबर 2025 तक, इस स्कीम के अंतर्गत समर्थित इनक्यूबेटर्स ने 1,635 महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप्स को लगभग 284.79 करोड़ रुपये का कोष मंजूर किया है। राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश-वार और साल-वार विवरण जानकारी अनुलग्नक-II में दी गई है।
सीजीएसएस को योग्य वित्तीय संस्थानों [संस्थान सदस्य (एमआई)] के माध्यम से स्टार्टअप्स को बिना गारंटी के लोन देने के लिए लागू किया गया है। सीजीएसएस को राष्ट्रीय ऋण गारंटी ट्रस्टी कंपनी (एनसीजीटीसी) लिमिटेड की ओर से शुरू किया गया है और यह 1 अप्रैल 2023 से चालू है। 31 अक्टूबर 2025 तक, सीजीएसएस के अंतर्गत महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप के लिए कर्ज लेने वालों को लगभग 33.17 करोड़ रुपये के 24 लोन की गारंटी दी गई है। राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश-वार और साल-वार जानकारी अनुलग्नक-III में दी गई है।
एफएफएस के अंतर्गत चुने गए एआईएफ की ओर से मदद की गई महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप की सेक्टर-वार संख्या, और कैलेंडर वर्ष 2020, 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में 31 अक्टूबर 2025 तक उनमें निवेश की गई राशि अनुलग्नक-IV में दी गई है।
एसआईएसएफएस के अंतर्गत इनक्यूबेटर्स की ओर से चुने गए महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप की सेक्टर-वार संख्या, और कैलेंडर वर्ष 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में 31 अक्टूबर 2025 तक उन्हें मंजूर की गई राशि की जानकारी अनुलग्नक-V में दी गई है।
31 अक्टूबर 2025 तक कैलेंडर वर्ष 2023, 2024 और 2025 में सीजीएसएस के अंतर्गत महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप के लिए कर्ज लेने वालों को गारंटी दिए गए लोन की संख्या और राशि का सेक्टर-वार विवरण अनुलग्नक-VI में दिया गया है।
सभी तरह के नए बिजनेस और उनकी सफलता दर को लेकर कोई भी सटीक या बिना किसी पक्षपात के आंकड़ा बनाना मुश्किल होगा। इसलिए, इन स्टार्टअप्स की सफलता दर से जुड़ी जानकारी सरकार की ओर से केंद्रीय स्तर पर प्रबंधित नहीं की जाती है।
सरकार महिला उद्यमियों को मेंटरशिप और ट्रेनिंग देने के लिए पूरे भारत में कई पहल कर रही है। ऐसी पहलों की जानकारी अनुलग्नक-VII में दी गई हैं।
यह जानकारी वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के राज्य मंत्री, श्री जितिन प्रसाद ने आज राज्यसभा में एक लिखित जवाब में दी।
अनुलग्नक-I
|
राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश
|
2020
|
2021
|
2022
|
2023
|
2024
|
2025 (31 अक्टूबर 2025 तक)
|
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
|
असम
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
1
|
|
चंडीगढ़
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
9.45
|
-
|
-
|
|
दिल्ली
|
2
|
4.4
|
7
|
99.08
|
2
|
48.56
|
1
|
22.33
|
5
|
72.31
|
4
|
8.6
|
|
गोवा
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
119.99
|
|
गुजरात
|
-
|
-
|
1
|
146.11
|
2
|
41
|
-
|
-
|
-
|
-
|
2
|
23.35
|
|
हरयाणा
|
2
|
9.63
|
-
|
-
|
2
|
16.59
|
1
|
4
|
6
|
241.5
|
1
|
5.5
|
|
कर्नाटक
|
4
|
62.28
|
9
|
150.98
|
8
|
224.36
|
1
|
15
|
10
|
141.93
|
19
|
264.99
|
|
केरल
|
-
|
-
|
1
|
102.5
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
|
मध्य प्रदेश
|
-
|
-
|
1
|
1.5
|
2
|
5.74
|
-
|
-
|
1
|
9.99
|
-
|
-
|
|
महाराष्ट्र
|
6
|
253.66
|
5
|
64.84
|
4
|
44.77
|
2
|
15.91
|
12
|
117.17
|
10
|
277.05
|
|
मेघालय
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
0.35
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
|
ओडिशा
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
8
|
-
|
-
|
|
पुदुचेरी
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
4.98
|
-
|
-
|
|
राजस्थान
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
2.1
|
-
|
-
|
1
|
9.99
|
-
|
-
|
|
तमिलनाडु
|
-
|
-
|
1
|
0.1
|
2
|
39.75
|
-
|
-
|
-
|
-
|
3
|
91.75
|
|
तेलंगाना
|
1
|
4
|
1
|
0.75
|
1
|
7.5
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
27.3
|
|
उत्तर प्रदेश
|
-
|
-
|
1
|
10.28
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
1.5
|
-
|
-
|
|
पश्चिम बंगाल
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
-
|
1
|
4.5
|
|
कुल
|
15
|
333.97
|
27
|
576.14
|
25
|
430.72
|
5
|
57.24
|
39
|
616.82
|
43
|
824.03
|
एफएफएस के अंतर्गत चुने गए एआईएफ द्वारा सपोर्ट किए गए महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप की राज्य/केंद्र शासित प्रदेश-वार और साल-वार संख्या, और 31 अक्टूबर 2025 तक कैलेंडर वर्ष 2020, 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में उनमें निवेश की गई राशि इस प्रकार है:
(राशि करोड़ रुपये में)
अनुलग्नक-II
|
|
2021
|
2022
|
2023
|
2024
|
2025 (31 अक्टूबर 2025 तक)
|
|
राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
|
0
|
0
|
0
|
0
|
1
|
0.04
|
0
|
0
|
0
|
0
|
|
आंध्र प्रदेश
|
0
|
0
|
2
|
0.65
|
11
|
2.95
|
7
|
1.675
|
9
|
1.68
|
|
अरुणाचल प्रदेश
|
0
|
0
|
1
|
0.2
|
0
|
0
|
0
|
0
|
1
|
0.1
|
|
असम
|
1
|
0.2
|
5
|
0.9
|
6
|
0.801
|
4
|
0.13
|
4
|
0.35
|
|
बिहार
|
0
|
0
|
3
|
0.6
|
15
|
3.03
|
3
|
0.55
|
4
|
0.54
|
|
चंडीगढ़
|
0
|
0
|
2
|
0.15
|
4
|
0.65
|
1
|
0.2
|
0
|
0
|
|
छत्तीसगढ़
|
1
|
0.1
|
1
|
0.12
|
3
|
0.44
|
3
|
0.255
|
3
|
0.421
|
|
दिल्ली
|
6
|
0.99
|
10
|
1.895
|
34
|
6.73
|
36
|
6.89
|
25
|
3.255
|
|
गोवा
|
4
|
0.55
|
2
|
0.15
|
1
|
0.2
|
2
|
0.3
|
2
|
0.28
|
|
गुजरात
|
3
|
0.9
|
19
|
3.525
|
41
|
7.04
|
26
|
4.13
|
21
|
2.35
|
|
हरियाणा
|
1
|
0.15
|
10
|
1.47
|
28
|
4.22
|
20
|
3.805
|
13
|
2.25
|
|
हिमाचल प्रदेश
|
0
|
0
|
1
|
0.1
|
7
|
0.94
|
2
|
0.35
|
1
|
0.05
|
|
जम्मू और कश्मीर
|
0
|
0
|
0
|
0
|
2
|
0.3
|
4
|
1.05
|
1
|
0.15
|
|
झारखंड
|
1
|
0.4
|
1
|
0
|
1
|
0.25
|
4
|
0.7
|
4
|
0.47
|
|
कर्नाटक
|
10
|
2.32
|
58
|
11.7
|
58
|
11.947
|
50
|
10.06
|
25
|
4.13
|
|
केरल
|
2
|
0.5
|
7
|
1.95
|
6
|
0.94
|
6
|
1.04
|
8
|
1.3
|
|
मध्य प्रदेश
|
1
|
0.5
|
20
|
3.311
|
16
|
1.886
|
17
|
2.609
|
12
|
2.03
|
|
महाराष्ट्र
|
10
|
2.25
|
43
|
9.42
|
100
|
18.49
|
85
|
15.305
|
45
|
5.878
|
|
मेघालय
|
0
|
0
|
1
|
0.2
|
0
|
0
|
1
|
0.04
|
0
|
0
|
|
मिजोरम
|
0
|
0
|
0
|
0
|
1
|
0.25
|
1
|
0.2
|
0
|
0
|
|
नागालैंड
|
0
|
0
|
1
|
0.25
|
2
|
0.3
|
9
|
1.93
|
5
|
0.915
|
|
ओडिशा
|
1
|
0.1
|
6
|
1.045
|
14
|
2.22
|
20
|
1.979
|
19
|
2.35
|
|
पुदुचेरी
|
0
|
0
|
1
|
0.16
|
1
|
0.2
|
0
|
0
|
0
|
0
|
|
पंजाब
|
0
|
0
|
1
|
0.1
|
8
|
1.066
|
12
|
2.155
|
7
|
1.25
|
|
राजस्थान
|
2
|
0.205
|
9
|
2.045
|
17
|
3.285
|
17
|
2.67
|
15
|
1.72
|
|
सिक्किम
|
0
|
0
|
1
|
0.05
|
0
|
0
|
0
|
0
|
0
|
0
|
|
तमिलनाडु
|
13
|
1.975
|
16
|
3.551
|
46
|
6.202
|
62
|
12.293
|
34
|
4.885
|
|
तेलंगाना
|
5
|
1.15
|
28
|
6.16
|
22
|
5.7
|
23
|
4.67
|
32
|
4.08
|
|
उत्तर प्रदेश
|
7
|
1.765
|
14
|
2.42
|
35
|
6.015
|
46
|
7.593
|
31
|
3.25
|
|
उत्तराखंड
|
0
|
0
|
4
|
0.85
|
3
|
0.65
|
1
|
0.05
|
5
|
0.55
|
|
पश्चिम बंगाल
|
0
|
0
|
6
|
0.71
|
4
|
0.85
|
11
|
1.645
|
8
|
0.95
|
|
कुल
|
68
|
14.055
|
273
|
53.682
|
487
|
87.592
|
473
|
84.274
|
334
|
45.184
|
एसआईएसएफएस के अंतर्गत इनक्यूबेटर्स द्वारा चुने गए महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप की राज्य/केंद्र शासित प्रदेश-वार और वर्ष-वार संख्या, और कैलेंडर वर्ष 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में 31 अक्टूबर 2025 तक उन्हें स्वीकृत फंड की राशि इस प्रकार है:
(राशि करोड़ रुपये में)
अनुलग्नक-III
|
राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश
|
2023
|
2024
|
2025 (31 अक्टूबर 2025 तक)
|
|
गारंटीकृत लोन की संख्या
|
गारंटीकृत लोन की राशि
|
गारंटीकृत लोन की संख्या
|
गारंटीकृत लोन की राशि
|
गारंटीकृत लोन की संख्या
|
गारंटीकृत लोन की राशि
|
|
बिहार
|
1
|
0.28
|
-
|
-
|
-
|
-
|
|
दिल्ली
|
-
|
-
|
3
|
4.7
|
-
|
-
|
|
हरियाणा
|
3
|
7.15
|
1
|
4.49
|
-
|
-
|
|
कर्नाटक
|
1
|
0.2
|
2
|
5.18
|
1
|
2
|
|
केरल
|
-
|
-
|
1
|
0.5
|
-
|
-
|
|
महाराष्ट्र
|
-
|
-
|
2
|
2.55
|
2
|
0.67
|
|
तमिलनाडु
|
3
|
0.65
|
-
|
-
|
-
|
-
|
|
तेलंगाना
|
1
|
0.3
|
-
|
-
|
1
|
2
|
|
उत्तर प्रदेश
|
-
|
-
|
2
|
2.5
|
-
|
-
|
|
कुल
|
9
|
8.58
|
11
|
19.92
|
4
|
4.67
|
31 अक्टूबर 2025 तक सीजीएसएस के अंतर्गत कैलेंडर वर्ष 2023, 2024 और 2025 में महिला उद्यमियों द्वारा संचालित स्टार्टअप उधारकर्ताओं को गारंटी दिए गए ऋणों की संख्या और राशि का राज्य/केंद्र शासित प्रदेश-वार विवरण नीचे दिया गया है:
(राशि करोड़ रुपये में)
अनुलग्नक-IV
|
सेक्टर
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
|
विज्ञापन/ मीडिया/ मनोरंजन
|
7
|
149.1
|
|
कृषि/ एग्रीटेक
|
4
|
75.15
|
|
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस/ रोबोटिक्स
|
5
|
254.12
|
|
ऑटोमोटिव
|
1
|
3.8
|
|
बायोटेक्नोलॉजी
|
1
|
9.49
|
|
बिजनेस उत्पाद और सेवाएं
|
14
|
326.7
|
|
स्वच्छ तकनी/ स्वच्छ ऊर्जा
|
7
|
227.12
|
|
उपभोक्ता वस्तुएं और सेवाएं
|
23
|
407.8
|
|
ई-कॉमर्स
|
5
|
33.61
|
|
शिक्षा/ एडटेक
|
7
|
49.95
|
|
पर्यावरण
|
1
|
1.16
|
|
वित्तीय सेवाएं/ फिनटेक
|
9
|
209.48
|
|
खाद्य और पेय पदार्थ
|
7
|
110.09
|
|
स्वास्थ्य सेवा/ हेल्थ-टेक
|
26
|
573.91
|
|
आईटी और आईटीईएस
|
26
|
323.27
|
|
लॉजिस्टिक्स/ परिवहन
|
2
|
17.25
|
|
मैन्युफैक्चरिंग
|
6
|
56.2
|
|
स्पेस टेक
|
1
|
8.32
|
|
यात्रा और पर्यटन
|
2
|
2.4
|
|
कुल
|
154
|
2,838.90
|
एफएफएस के अंतर्गत चुने गए एआईएफ की ओर से सहयोग किए गए महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप की सेक्टर-वार संख्या, और 31 अक्टूबर 2025 तक कैलेंडर वर्ष 2020, 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में उनमें निवेश की गई राशि इस प्रकार है:
(राशि करोड़ रुपये में)
अनुलग्नक-V
|
सेक्टर
|
स्टार्टअप की संख्या
|
निवेश की गई राशि
|
|
विज्ञापन
|
4
|
0.46
|
|
एरोनॉटिक्स एयरोस्पेस और रक्षा
|
34
|
5.98
|
|
कृषि
|
123
|
21.511
|
|
एआई
|
75
|
11.725
|
|
एनालिटिक्स
|
10
|
1.63
|
|
एआर वीआर (ऑगमेंटेड + वर्चुअल रियलिटी)
|
6
|
1.15
|
|
वास्तुकला आंतरिक डिजाइन
|
5
|
0.94
|
|
कला और फोटोग्राफी
|
8
|
0.975
|
|
ऑटोमोटिव
|
48
|
7.533
|
|
बायोटेक्नोलॉजी
|
47
|
9.799
|
|
रसायन
|
8
|
1.45
|
|
कंप्यूटर विजन
|
4
|
0.865
|
|
निर्माण
|
15
|
2.57
|
|
डेटिंग विवाह
|
1
|
0
|
|
डिजाइन
|
5
|
0.9
|
|
शिक्षा
|
90
|
15.265
|
|
एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर
|
38
|
6.055
|
|
कार्यक्रम का आयोजन
|
2
|
0.54
|
|
फैशन
|
37
|
6.979
|
|
वित्तीय टेक्नोलॉजी
|
37
|
7.727
|
|
खाद्य और पेय पदार्थ
|
110
|
17.976
|
|
हरित प्रौद्योगिकी
|
84
|
13.655
|
|
स्वास्थ्य सेवा और जीवन विज्ञान
|
310
|
60.872
|
|
घरेलू सेवाएं
|
10
|
1.596
|
|
मानव संसाधन
|
12
|
2.446
|
|
भारतीय भाषा स्टार्टअप
|
2
|
0.45
|
|
इंटरनेट ऑफ थिंग्स
|
25
|
3.546
|
|
आईटी सेवाएं
|
71
|
10.62
|
|
लॉजिस्टिक्स
|
10
|
1.825
|
|
मार्केटिंग
|
9
|
1.015
|
|
मीडिया और मनोरंजन
|
14
|
2.47
|
|
नैनो टेक्नोलॉजी
|
5
|
0.985
|
|
गैर-नवीकरणीय ऊर्जा
|
2
|
0.5
|
|
अन्य विशेष खुदरा विक्रेता
|
1
|
0.2
|
|
अन्य
|
15
|
2.46
|
|
पालतू जानवर और पशु
|
8
|
1.88
|
|
पेशेवर और वाणिज्यिक सेवाएं
|
26
|
3.694
|
|
रियल एस्टेट
|
6
|
0.518
|
|
नवीकरणीय ऊर्जा
|
27
|
3.795
|
|
खुदरा
|
38
|
6.439
|
|
रोबोटिक्स
|
18
|
3.95
|
|
सुरक्षा
|
1
|
0.05
|
|
सुरक्षा समाधान
|
7
|
0.82
|
|
सामाजिक प्रभाव
|
31
|
4.196
|
|
सामाजिक नेटवर्क
|
3
|
0.55
|
|
खेल
|
11
|
2.48
|
|
प्रौद्योगिकी हार्डवेयर
|
57
|
10.02
|
|
दूरसंचार और नेटवर्किंग
|
4
|
0.7
|
|
वस्त्र और परिधान
|
44
|
7.172
|
|
खिलौने और खेल
|
10
|
1.63
|
|
परिवहन और भंडारण
|
16
|
4.26
|
|
यात्रा और पर्यटन
|
9
|
1.49
|
|
कचरा प्रबंधन
|
42
|
6.475
|
|
कुल
|
1635
|
284.79
|
एसआईएसएफएस के अंतर्गत इनक्यूबेटर्स की ओर से चुने गए महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप की सेक्टर-वार संख्या, और कैलेंडर वर्ष 2021, 2022, 2023, 2024 और 2025 में 31 अक्टूबर 2025 तक उन्हें स्वीकृत राशि इस प्रकार हैं:
(राशि करोड़ रुपये में)
अनुलग्नक-VI
|
सेक्टर
|
गारंटीकृत लोन की संख्या
|
गारंटीकृत लोन की राशि
|
|
एयरोस्पेस और रक्षा
|
1
|
5
|
|
ऑटो कलपुर्जे
|
1
|
2
|
|
ऑटोमोबाइल
|
1
|
2
|
|
रसायन और पेट्रोकेमिकल्स
|
1
|
0.5
|
|
वाणिज्यिक सेवाएं और आपूर्ति
|
1
|
0.18
|
|
विविध धातुएं
|
1
|
0.5
|
|
खाद्य और अन्य उत्पाद
|
5
|
6.09
|
|
आईटी - सॉफ्टवेयर
|
2
|
3.7
|
|
मनोरंजन सेवाएं
|
2
|
3.9
|
|
अन्य निर्माण सामग्री
|
1
|
1.65
|
|
अन्य जरूरी वस्तुएं
|
3
|
1.15
|
|
निजी उत्पाद
|
1
|
2
|
|
फार्मास्यूटिकल्स और बायोटेक्नोलॉजी
|
2
|
0.5
|
|
वस्त्र और परिधान
|
2
|
4
|
|
कुल
|
24
|
33.17
|
31 अक्टूबर 2025 तक कैलेंडर वर्ष 2023, 2024 और 2025 में सीजीएसएस के अंतर्गत महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप के लिए उधार लेने वालों को गारंटी दिए गए लोन की संख्या और राशि का सेक्टर-वार विवरण नीचे दिया गया है:
(राशि रुपये करोड़ में)
अनुलग्नक-VII
महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप को सहयोग करने और महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए मुख्य उपाय:
- फंड ऑफ फंड्स फॉर स्टार्टअप्स (एफएफएस) और क्रेडिट गारंटी स्कीम फॉर स्टार्टअप्स (सीजीएसएस) की मुख्य योजनाओं के अंतर्गत महिला नेतृत्व वाले आवेदकों को प्रोत्साहन दिया जाता है।
- क्षमता निर्माण कार्यक्रम जैसे कि महिला क्षमता विकास कार्यक्रम (डब्ल्यूआईएनजी), वर्चुअल इन्क्यूबेशन कार्यक्रम, टेक्नोलॉजी में महिलाओं के लिए स्टार्टअप लर्निंग प्रोग्राम, एक्सीलरेटिंग वुमेन एंटरप्रेन्योर्स प्रोग्राम, महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप और महिला उद्यमियों को उनकी स्टार्टअप यात्रा में मदद करते हैं।
- आउटरीच और जागरूकता तरीकों में स्टार्टअप इंडिया हब पोर्टल पर एक समर्पित वेबपेज शामिल है जो सरकारी तरीकों, उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के लिए एक्सीलरेटिंग स्टार्टअप कैलिबर और एंटरप्रेन्योरियल ड्राइव (एएससीईएनडी) स्टार्टअप वर्कशॉप सीरीज, सुपरस्ट्री पॉडकास्ट, राज्यों/ केंद्र शासित प्रदेशों के साथ स्टार्टअप के लिए महिला वर्कशॉप, और देश भर में महिला-नेतृत्व वाले स्टार्टअप और उद्यमियों तक पहुंचने के लिए विभिन्न मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से जानकारी को फैलाना शामिल है।
- महिला उद्यमियों के साथ भारत की माननीय राष्ट्रपति जी की बातचीत, राज्यों की स्टार्टअप रैंकिंग एक्सरसाइज में राज्यों/ केंद्र शासित प्रदेशों में महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप को सहयोग देने के लिए विशेष प्रावधान और राष्ट्रीय स्टार्टअप पुरस्कार (एनएसए) में महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप के लिए विशेष श्रेणी, जैसे तरीकों और पहलों के माध्यम से महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप और उद्यमियों को उनकी प्रगति और उपलब्धियों के लिए भी पहचान दी जाती है।
- ऊपर बताए गए तरीकों के साथ ही, दूसरे मंत्रालयों और विभागों ने भी महिला उद्यम को सहयोग करने के लिए कई प्रोग्राम और पहल, जैसे कि महिला सेल्फ हेल्प ग्रुप (डब्ल्यूएसएचजी) के लिए डिजिटल मार्केटिंग और उद्यम विकास, आदिवासी महिला सशक्तिकरण योजना (एएमएसवाई), महिला उद्यम विकास कार्यक्रम (डब्ल्यूईडीपी), महिलाओं के लिए विज्ञान और तकनीकी (एसटीडब्ल्यू) कार्यक्रम, स्वावलंबिनी – महिला उद्यम कार्यक्रम, महिला उद्यम मंच (डब्ल्यूईपी), कौशल उन्नयन और महिला कॉयर योजना, आदि लागू की हैं।
***
पीके/केसी/एमएम
(रिलीज़ आईडी: 2203410)
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