जनजातीय कार्य मंत्रालय
धरती आबा ट्राइबप्रेन्योर्स 2025 का भव्य उद्घाटन: जनजातीय स्टार्टअप्स के लिए एक नया युग
स्टार्टअप महाकुंभ 2025 में 45 से अधिक जनजातीय स्टार्टअप्स की शानदार भागीदारी
आईआईटी दिल्ली बूट कैंप ने जनजातीय युवाओं को डिजाइन थिंकिंग में सशक्त बनाया
मेटा ने उभरते जनजातीय उद्यमियों के लिए प्रौद्योगिकी जागरूकता सत्र आयोजित किया
Posted On:
03 APR 2025 11:20PM by PIB Delhi
जनजातीय कार्य मंत्रालय (एमओटीए) ने आज स्टार्टअप महाकुंभ 2025 के मुख्य आकर्षण के रूप में दिल्ली स्थित भारत मंडपम में जनजातीय गौरव वर्ष के तहत धरती आबा ट्राइबप्रेन्योर्स 2025 का उद्घाटन किया।
जनजातीय कार्य राज्य मंत्री श्री दुर्गा दास उइके ने जनजातीय कार्य मंत्रालय के सचिव श्री विभु नायर, उद्योग जगत के नेताओं, निवेशकों, उद्यमियों और सरकारी अधिकारियों की मौजूदगी में इस कार्यक्रम का उद्घाटन किया। 5000 से अधिक उपस्थित लोगों की मौजूदगी में यह कार्यक्रम जनजातीय उद्यमिता, नवाचार और आत्म-निर्भरता को बढ़ावा देने में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि को दर्शाता है।

भगवान बिरसा मुंडा की विरासत का सम्मान
केंद्र सरकार जनजातीय गौरव वर्ष के तहत भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती मना रही है, जो आत्मनिर्भरता और आर्थिक स्वतंत्रता के उनके आदर्शों को और मजबूत बनाता है। धरती आबा ट्राइबप्रेन्योर्स 2025 अनुसूचित जनजाति (एसटी) उद्यमियों और स्टार्टअप्स के लिए स्थायी अवसर पैदा करके उनके विजन को मूर्त रूप प्रदान करता है।


जनजातीय स्टार्टअप के लिए एक बड़ा कदम
माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के विजन के अनुरूप, जनजातीय कार्य मंत्रालय अपनी 100 दिवसीय कार्य योजना के तहत जनजातीय स्टार्टअप इको-सिस्टम को मजबूत कर रहा है।
प्रमुख पहलों में शामिल हैं:
✅ जनजातीय स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए आईआईएम कलकत्ता, आईआईटी दिल्ली, आईएफसीआई वेंचर कैपिटल फंड्स लिमिटेड और उद्योग संघों के साथ सहयोग।
✅ जनजातीय नेतृत्व वाले व्यवसायों को वित्तीय सहायता प्रदान करने हेतु अनुसूचित जनजातियों (एसटी) के लिए 50 करोड़ रुपये के वेंचर कैपिटल फंड की शुरुआत।
✅ 45 से अधिक जनजातीय स्टार्टअप, जिनमें से कुछ आईआईएम कलकत्ता, आईआईएम काशीपुर और आईआईटी भिलाई में इनक्यूबेट किए गए, ने स्टार्टअप महाकुंभ में भागीदारी दर्ज कराई, जिनमें से कई स्टार्टअप ने पहले ही फंडिंग प्राप्त कर ली है।



स्टार्टअप महाकुंभ 2025 की मुख्य बातें
💡 जनजातीय स्टार्टअप प्रदर्शनी: जनजातीय उद्यमियों ने अभिनव उत्पादों और समाधानों का प्रदर्शित किया।
💼 निवेशक जुड़ाव: स्टार्टअप्स को वेंचर कैपिटलिस्ट, एंजेल निवेशकों और उद्योग विशेषज्ञों से जुड़ने का अवसर मिला।
📊 तकनीकी सत्र: मेटा (एमईटीए) द्वारा व्यवसाय विस्तार, डिजिटल परिवर्तन और बाजार में विस्तार के विषयों पर चर्चा की गई।
🤝 एक्सक्लूसिव नेटवर्किंग: यूनिकॉर्न संस्थापकों, स्टार्टअप नेताओं और निवेशकों ने मेंटरशिप और फंडिंग के अवसरों पर संवाद किया।
आईआईटी दिल्ली में बूट कैंप: जनजातीय नवप्रवर्तकों की अगली पीढ़ी को तैयार करना
जनजातीय युवाओं को सशक्त बनाने के लिए मंत्रालय ने आईआईटी दिल्ली में एक विशेष बूट कैंप की शुरुआत की है, जहां व्यावहारिक शिक्षा और मार्गदर्शन की सुविधा दी गई। इसमें शामिल हैः
🎓 एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों (EMRS) के 100 छात्रों को स्टार्टअप संबंधी मार्गदर्शन प्राप्त होगा।
🏆 छात्रवृत्ति कार्यक्रमों के तहत 150 जनजातीय छात्र भारत के समृद्ध स्टार्टअप इकोसिस्टम का अनुभव करेंगे।
🔬 उन्नत भारत अभियान से जुड़े हुए 50 अनुसूचित जनजाति छात्र निवेशकों और उद्यमियों के साथ इंटरैक्टिव सत्रों में शामिल होंगे।
जनजातीय उद्यमिता के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता
जनजातीय कार्य राज्य मंत्री श्री दुर्गा दास उइके ने इस बात पर जोर दिया कि, "माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में जनजातीय नेतृत्व वाले उद्यमी विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्टता प्राप्त कर रहे हैं। वह दिन दूर नहीं, जब एसटी स्टार्टअप्स यूनिकॉर्न का दर्जा हासिल करेंगे।"
जनजातीय कार्य मंत्रालय के सचिव श्री विभु नायर ने मंत्रालय के सहयोग की पुनः पुष्टि करते हुए कहा, "हम उद्यम पूंजी, एन्जल निवेशकों और नए बाजारों तक पहुंच की सुविधा प्रदान करके जनजातीय स्टार्टअप को अगले स्तर तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। गहन प्रौद्योगिकी से लेकर जैविक उत्पादों और हथकरघा तक जनजातीय उद्यमी भारत के भविष्य को आकार दे रहे हैं।"

समावेशी विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम
धरती आबा ट्राइबप्रेन्योर्स 2025 के जरिये केंद्र सरकार जनजातीय उद्यमिता में बड़ा बदलाव ला रही है, जो आत्मनिर्भर, सतत और नवाचार-समर्थित उद्यमों का मार्ग प्रशस्त कर रही है। प्रमुख हितधारकों के समर्थन से यह पहल जनजातीय स्टार्टअप परिदृश्य को फिर से परिभाषित करने और एक अधिक समावेशी और लचीली अर्थव्यवस्था में योगदान करने के लिए तैयार है।
***
एमजी/केसी/आईएम/एसके
(Release ID: 2118781)
Visitor Counter : 20