कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय
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डीओपीपीडब्ल्यू ने 23 जनवरी 2025 को राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार योजना 2025 पर कार्यशाला आयोजित की


डीओपीपीडब्ल्यू ने मंत्रालयों/विभागों को सेवानिवृत्त कर्मचारियों को पोर्टल पर अपने अनुभव लिखने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा

नोडल अधिकारियों ने राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार योजना 2025 पर सर्वोत्तम प्रथाओं पर चर्चा की

सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार योजना 2025 में गहरी रुचि दिखाई

प्रविष्टि तिथि: 23 JAN 2025 7:39PM by PIB Delhi

पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग ने 23 जनवरी 2025 को सचिव (पेंशन) की अध्यक्षता में सीएसओआई विनय मार्ग में 12 सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों सहित विभिन्न मंत्रालयों/विभागों के अनुभव नोडल अधिकारियों के लिए राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार योजना 2025 पर एक कार्यशाला आयोजित की।

प्रमुख हितधारकों के प्रतिष्ठित वक्ताओं के अनुभवों से प्रतिभागियों को लाभ हुआ।

संयुक्त सचिव (पेंशन) श्री ध्रुबज्योति सेनगुप्ता ने राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार योजना 2025 का अवलोकन प्रस्तुत किया। उन्होंने योजना की समावेशिता और अनुकूलित अंकन प्रणाली पर बल दिया। उन्होंने सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अनुभव पोर्टल पर अपने लेख लिखने के लिए प्रोत्साहित करने के वास्ते  सभी संभव प्रयास करने का आग्रह किया।

2023 के अनुभव पुरस्कार विजेता और पूर्व सदस्य (यातायात) रेलवे बोर्ड श्री मोहम्मद जमशेद ने संस्थागत स्मृति और राष्ट्र निर्माण में योजना की भूमिका के बारे में बताया।

इसरो वीएसएससी कार्मिक वरिष्ठ प्रमुख श्री अनिल कुमार बी ने गुणवत्तापूर्ण लेखन प्रस्तुत करने को प्रोत्साहित करने के लिए अंतरिक्ष विभाग में किए गए अभिनव पहलों का अवलोकन प्रस्तुत किया। उन्होंने इन पहलों को योजना में डी ओ एस की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए जिम्मेदार ठहराया।

रेलवे बोर्ड की सदस्य (वित्त) सुश्री रूपा श्रीनिवासन ने अनुभव पोर्टल से संबंधित प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए रेलवे द्वारा हाल ही में उठाए गए कदमों पर चर्चा की। उन्होंने आश्वासन दिया कि रेलवे कर्मचारियों के बीच इस योजना के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए कदम उठाए जाएंगे।

सचिव (पेंशन) श्री वी. श्रीनिवास ने योजना के दायरे को बढ़ाने के लिए डीओपीपीडब्ल्यू द्वारा हाल ही में की गई पहलों पर चर्चा की। उन्होंने पोर्टल पर प्राप्त प्रेरणादायक लेखों का हवाला दिया और नोडल अधिकारियों से अभी तक प्रकाशित नहींश्रेणी के अंतर्गत लंबित लेखो  को निपटाने के लिए हर संभव प्रयास करने को कहा। उन्होंने कार्यशाला में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की भागीदारी पर संतोष व्यक्त किया और इस संबंध में बैंकों के प्रतिनिधियों द्वारा उठाए गए प्रश्नों का भी जवाब दिया।

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एमजी/ केसी/एसके/डीके


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