वाणिज्‍य एवं उद्योग मंत्रालय
azadi ka amrit mahotsav

श्री पीयूष गोयल ने भारत-उज्बेकिस्तान संबंधों को भारत के एकीकृत विस्तारित पड़ोस संबंधी दृष्टिकोण के लिए महत्वपूर्ण बताया


भारत-उज्बेकिस्तान अंतर सरकारी आयोग का 13वां सत्र नई दिल्ली में आयोजित

Posted On: 28 JUL 2022 8:36PM by PIB Delhi

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग, उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण और कपड़ा मंत्री श्री पीयूष गोयल ने भारत- उजबेकिस्तान संबंधों को एकीकृत विस्तारित पड़ोस संबंधी भारत के दृष्टिकोण के लिए काफी महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि भारत- उज्बेकिस्तान संबंधों के लिए यह एक विशेष वर्ष है क्योंकि दोनों देश राजनयिक संबंधों के 30वें वर्ष का जश्न मना रहे हैं। उन्होंने आज नई दिल्ली में भारत- उज्बेकिस्तान अंतर सरकारी आयोग (आईजीसी) के 13वें सत्र को संबोधित करते हुए यह बात कही।

मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि हम लोगों से लोगों के बीच जीवंत संबंध स्थापित करने के इच्छुक हैं। व्यापारिक संबंध द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने का एक स्वाभाविक परिणाम हैं। हमें प्रौद्योगिकी, डिजिटल भुगतान समाधान और स्टार्टअप जैसे नए क्षेत्रों में संबंधों को आगे ले जाने की जरूरत है।

मंत्री ने भारत और उज्बेकिस्तान के बीच द्विपक्षीय व्यापार में उल्लेखनीय वृद्धि को गति देने वाले नए वाहकों की पहचान करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने क्षेत्रीय संपर्क एवं सहयोग के लिए एक एकीकृत दृष्टिकोण  की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने दोनों देशों के बीच सहयोग के सात उभरते क्षेत्रों जैसे डिजिटल भुगतान, अंतरिक्ष सहयोग, कृषि एवं डेयरी, फार्मा, रत्न एवं आभूषण, एमएसएमई और अंतर क्षेत्रीय सहयोग को रेखांकित किया।

श्री गोयल ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों के दौरान कोविड-19 के बावजूद बातचीत एवं व्यापार में वृद्धि हुई है। व्यापार वर्ष 2019-20 में 24.7 करोड़ डॉलर था जो बढ़कर वर्ष 2021-22 में 34.2 करोड़ डॉलर हो गया। यह 38.5 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है। उन्होंने आगे कहा कि हमें अपने देशों के बीच व्यापार को सुविधाजनक बनाने के लिए कनेक्टिविटी में सुधार के लिए पहल करने की आवश्यकता है।

उज्बेकिस्तान के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व उज्बेकिस्तान गणराज्य के उप प्रधानमंत्री और निवेश एवं विदेश व्यापार मंत्री श्री जम​शिद खोडजेव ने किया। श्री खोडजेव ने अपने संबोधन में कहा कि वह सितंबर में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की उज्बेकिस्तान यात्रा की प्रतीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा का उपयोग पारस्परिक हित के वि​भिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों को उल्लेखनीय मजबूती देने में किया जाएगा।

आईजीसी की बैठक विशेष तौर पर व्यापार एवं निवेश के क्षेत्र में वि​भिन्न मुद्दों पर विचार एवं चर्चा करने के साथ-साथ द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच है। आर्थिक सहयोग पर भारत- उज्बेकिस्तान जेडब्ल्यूजी की दूसरी बैठक 22 जून 2022 को आयोजित की गई थी जिसमें वि​भिन्न मुद्दों पर व्यापक चर्चा हुई थी।

 

***

 

एमजी/एएम/एसकेसी



(Release ID: 1846080) Visitor Counter : 92


Read this release in: English , Urdu