कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय
प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) ने राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए केंद्रीकृत लोक शिकायत निवारण और निगरानी प्रणाली (सीपीजीआरएएमएस) की 42वीं रिपोर्ट जनवरी 2026 के लिए जारी की
जनवरी 2026 में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 71,714 पीजी मामले प्राप्त हुए और 64,702 पीजी मामलों का निवारण किया गया
सेवोत्तम योजना के अंतर्गत पिछले चार वित्तीय वर्षों में 1,034 प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरे किए गए हैं, इनमें 34,812 अधिकारियों को प्रशिक्षित किया गया
प्रविष्टि तिथि:
16 FEB 2026 5:29PM by PIB Delhi
प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) ने राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए केंद्रीकृत लोक शिकायत निवारण और निगरानी प्रणाली (सीपीजीआरएएमएस) की 42वीं मासिक रिपोर्ट जनवरी 2026 के लिए जारी की। यह रिपोर्ट सार्वजनिक शिकायतों के प्रकार और श्रेणियों और राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा निपटान की प्रकृति का विस्तृत विश्लेषण प्रदान करती है।
जनवरी 2026 में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 71,714 पीजी मामले प्राप्त हुए और 64,702 पीजी मामलों का निवारण किया गया। उत्तर प्रदेश में जनवरी, 2026 में 24,049 पीजी मामलों के साथ सबसे अधिक निपटान दर्ज किया गया। इसके बाद गुजरात में 6,065 पीजी मामले दर्ज किए गए। 31 जनवरी 2026 तक सीपीजीआरएएमएस पोर्टल पर पीजी मामलों की कुल लंबित संख्या सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 1,78,674 है। इसके अलावा 22 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में से प्रत्येक में 1,000 से अधिक लंबित पीजी मामले हैं।
रिपोर्ट जनवरी 2026 के दौरान सीपीजीआरएएमएस पोर्टल के माध्यम से सीपीजीआरएएमएस पर पंजीकृत नए उपयोगकर्ताओं का आंकड़ा प्रदान करती है। जनवरी 2026 में विभिन्न चैनलों के माध्यम से कुल 67,728 नए उपयोगकर्ताओं ने सीपीजीआरएएमएस पर पंजीकरण कराया है। इनमें से 11,172 पंजीकरण उत्तर प्रदेश से हैं। फीडबैक कॉल सेंटर ने जनवरी, 2026 में कुल 68,727 फीडबैक एकत्र किए, इसमें राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों से 25,259 फीडबैक एकत्र किए गए।
यह रिपोर्ट जनवरी 2026 में कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से दर्ज शिकायतों पर राज्यवार विश्लेषण भी प्रदान करती है। सीपीजीआरएएमएस को कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) पोर्टल के साथ एकीकृत किया गया है और यह कुल 5 लाख से अधिक सीएससी पर उपलब्ध है, जो ढाई लाख ग्राम स्तरीय उद्यमियों (वीएलई) से जुड़ा हुआ है। जनवरी 2026 के महीने में सामान्य सेवा केंद्रों के माध्यम से कुल 13,605 शिकायतें दर्ज की गई हैं।
रिपोर्ट में सेवोत्तम योजना के अंतर्गत पिछले चार वित्त वर्षों में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों और प्रशिक्षित अधिकारियों की कुल संख्या भी प्रदान की गई है। वित्त वर्ष 2022-23 और वित्त वर्ष 2025-26 के बीच कुल 1,034 प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए गए, इनमे 34,812 अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया।
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क्रम संख्या
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वित्तीय वर्ष
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प्रशिक्षण आयोजित किया गया
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प्रशिक्षित अधिकारी
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1
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2022-23
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280
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8,496
|
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2
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2023-24
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236
|
8,477
|
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3
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2024-25
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319
|
10,881
|
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4
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2025-26 (31 जनवरी 2026 तक)
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199
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6,958
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कुल
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1,034
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34,812
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जनवरी 2026 के महीने की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
सामान्य विशेषताएं
- राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में पीजी मामलों की वरिष्ठ स्तर की समीक्षा की सुविधा के लिए, एक समर्पित समीक्षा मॉड्यूल संचालित किया गया है, यह 6जून 2025 से प्रभावी है।
- डीएआरपीजी के अपर सचिव की अध्यक्षता में 29 जनवरी 2026 को एक मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
- फीडबैक कॉल सेंटर ने कुल 68,727 फीडबैक एकत्र किए। जनवरी 2026 में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों से 25,259 फीडबैक एकत्र किए गए थे।
- जनवरी 2026 में कर्नाटक को सीएससी के माध्यम से सबसे अधिक शिकायतें प्राप्त हुईं, यह सीएससी के माध्यम से प्राप्त कुल 13,605 शिकायतों का 61 प्रतिशत है।
सीपीजीआरएएमएस पर लोक शिकायतों की स्थिति
- जनवरी 2026 में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 71,714 पीजी मामले प्राप्त हुए और 64,702 पीजी मामलों का निवारण किया गया।
- उत्तर प्रदेश में जनवरी 2026 में सबसे अधिक 24,049 पीजी मामलों का निपटान किया गया, इसके बाद गुजरात में 6,065 पीजी मामले
सीपीजीआरएएमएस पर लोक शिकायतों के लंबित होने की स्थिति
- 22 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश में 31 जनवरी 2026 तक 1000 से अधिक शिकायतें लंबित हैं।
- राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 31 जनवरी, 2026 में 1,78,674 पीजी मामले लंबित हैं।
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पीके/ केसी/ एसके/डीके
(रिलीज़ आईडी: 2228833)
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