कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय
देश में उच्च स्तरीय कौशल की उपलब्धता
प्रविष्टि तिथि:
11 FEB 2026 5:27PM by PIB Delhi
भारत सरकार के स्किल इंडिया मिशन (एसआईएम) के अंतर्गत, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय (एमएसडीई) विभिन्न योजनाओं, जैसे प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (पीएमकेवीवाई), जन शिक्षण संस्थान (जेएसएस), राष्ट्रीय शिक्षुता प्रोत्साहन योजना (एनएपीएस) और शिल्पकार प्रशिक्षण योजना (सीटीएस) के अंतर्गत कौशल विकास केंद्रों के व्यापक नेटवर्क के माध्यम से औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) के माध्यम से पूरे देश में समाज के सभी वर्गों को कौशल, पुनर्कौशल और उन्नत कौशल प्रशिक्षण प्रदान करता है। एसआईएम का उद्देश्य देश के युवाओं को उद्योग से संबंधित कौशल से युक्त करके भविष्य के लिए तैयार करना है।
इसके अलावा, राष्ट्रीय व्यावसायिक शिक्षा एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीवीईटी) ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर राष्ट्रीय कार्यक्रम (एनपीएआई) कौशल संरचना विकसित किया है, जो एआई, डेटा साइंस और उभरती प्रौद्योगिकियों में कौशल विकास के लिए राष्ट्रीय रोडमैप, संरचना एवं दिशानिर्देशों की रूपरेखा तैयार करता है और मानकीकृत, उद्योग-अनुरूप पाठ्यक्रम और पाठ्यचर्या विकसित करने के लिए मूलभूत दस्तावेज के रूप में कार्य करता है।
पीएमकेवीवाई 3.0 और 4.0 जैसी पहलों के अंतर्गत कृत्रिम बुद्धिमत्ता, रोबोटिक्स, ड्रोन और नई तकनीकों पर केंद्रित विशेषीकृत अल्पकालिक एवं उन्नत मॉड्यूल शुरू किए गए हैं। इनका उद्देश्य उद्योग की मांग को पूरा करना, डिजिटल परिवर्तन को गति प्रदान करना और उद्योग 4.0 तथा भविष्य के कौशल के लिए कार्यबल को तैयार करना है।
सीटीएस के अंतर्गत, देश के युवाओं के कौशल विकास एवं कौशल उन्नयन के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता, इंडस्ट्रियल रोबोटिक्स, एआई और ड्रोन आदि जैसे 31 नए जमाने के पाठ्यक्रमों में औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) और राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थानों (एनएसटीआई) के नेटवर्क के माध्यम से प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है।
एमएसडीई द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर एसओएआर (स्किलिंग फॉर एआई रेडीनेस) पहल की शुरुआत की है, जिसका उद्देश्य स्कूली छात्रों (कक्षा 6-12) में एआई जागरूकता और मूलभूत कौशल विकसित करना और शिक्षकों में एआई साक्षर बनाना है। यह कार्यक्रम भौगोलिक क्षेत्रों में एआई शिक्षा की समान पहुंच सुनिश्चित करके डिजिटल विभाजन को पाटने की कोशिश करता है, जिससे समावेशी एवं भविष्य के लिए तैयार कौशल विकास के राष्ट्रीय एजेंडे को समर्थन मिलता है।
कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) के अंतर्गत कौशल विकास पहलों के लिए डीजीटी ने आईबीएम इंडिया, माइक्रोसॉफ्ट, सिस्को, एडोब इंडिया, अमेज़न वेब सर्विसेज (एडब्ल्यूएस), फ्यूचर राइट स्किल्स नेटवर्क (एफआरएसएन), एडुनेट फाउंडेशन, ऑटो डेस्क आदि सहित संस्थाओं के साथ सहयोग किया है। ये साझेदारियां आधुनिक प्रौद्योगिकियों में तकनीकी एवं व्यावसायिक कौशल प्रशिक्षण प्रदान करने में सहायक हैं। सीटीएस के अंतर्गत रोजगार कौशल विषय में 'कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का परिचय' नामक एक मॉड्यूल शुरू किया गया है, जो 7.5 घंटे की अवधि का है।
इसके अलावा, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने नैसकॉम के साथ मिलकर फ्यूचरस्किल्स प्राइम (एफएसपी) प्लेटफॉर्म का शुभारंभ किया है, जिसका उद्देश्य कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), रोबोटिक्स प्रोसेस ऑटोमेशन (आरपीए), साइबर सुरक्षा और अन्य डिजिटल कौशल पर पाठ्यक्रम और अन्य सुविधाएं प्रदान करके शिक्षार्थियों को उभरती प्रौद्योगिकियों के ज्ञान से युक्त करना है।
पीएमकेवीवाई संरचना के अंतर्गत उत्कृष्टता केंद्रों (सीओई) ने उद्योग के लिए तैयार प्रतिभाओं का समूह बनाकर उच्च कौशल वाले रोजगार तंत्र को रूपांतरित किया है। ये केंद्र अनिवार्य इंटर्नशिप और लाइव परियोजनाओं के साथ पीएमकेवीवाई-अनुरूप प्रमाणन पाठ्यक्रम प्रदान करते हैं, जिससे रोजगार क्षमता के साथ तालमेल सुनिश्चित होता है। सीओई उद्योग के साथ पाठ्यक्रम सह-निर्माण को सुगम बनाते हैं, जिससे नौकरी की भूमिकाओं के साथ शतप्रतिशत तालमेल सुनिश्चित होता है।
वैश्विक स्तर पर डिजिटल नौकरियों में भागीदारी को सक्षम बनाने वाले पीएमकेवीवाई 4.0 पाठ्यक्रमों में एआई/एमएल फाउंडेशन और एडवांस्ड, रोबोटिक प्रोसेस ऑटोमेशन, ड्रोन पायलट टेक्नीशियन, इंडस्ट्रियल एलओटी और डेटा एनालिटिक्स शामिल हैं। एमकेवीवाई संरचना के अंतर्गत फ्यूचर स्किल्स जॉब रोल्स के माध्यम से, स्किल इंडिया डिजिटल हब वैश्विक नौकरी मिलान प्रदान करता है; रोजगार मेलों एवं प्लेसमेंट से रोजगार संबंध सुनिश्चित होते हैं। एनएसक्यूएफ लेवल 5-7 सर्टिफिकेशन पीएमकेवीवाई योग्यताओं की वैश्विक पोर्टेबिलिटी सुनिश्चित करते हैं।
यह जानकारी कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री जयंत चौधरी ने आज राज्यसभा में एक लिखित प्रश्न के उत्तर में दी।
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पीके/केसी/एके/डीए
(रिलीज़ आईडी: 2226630)
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