कृषि एवं किसान कल्‍याण मंत्रालय
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शिवराज सिंह चौहान ने देवास में दिशा समिति की बैठक की, कृषि एवं ग्रामीण विकास की समीक्षा


देवास जिले में कृषि और प्रोसेसिंग गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा

महिलाओं की आय बढ़ाकर 72 हजार लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य

ग्रामीण विकास, सिंचाई और पेयजल व्यवस्था को मिलेगी नई गति

तीन माह में सभी पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाए जाएंगे

टीबी और कुपोषण मुक्त देवास बनाने का संकल्प

कौशल प्रशिक्षण और रोजगार पर विशेष फोकस

प्रविष्टि तिथि: 01 AUG 2026 9:03PM by PIB Delhi

केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को अपने संसदीय क्षेत्र विदिशा के देवास पहुंचे और दिशा समिति की बैठक में शामिल हुए। बैठक में कृषि, ग्रामीण विकास, सिंचाई, पेयजल, स्वास्थ्य, विद्युत, सड़क, महिला सशक्तिकरण और रोजगार सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक के बाद शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि देवास की पवित्र धरती पर आकर मुझे हमेशा आत्मीयता का अनुभव होता है और जनता के स्नेह के लिए मैं सभी का आभार व्यक्त करता हूं। उन्होंने कहा कि दिशा समिति की बैठक में देवास जिले के समग्र विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं।

 

केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद और भारत सरकार के कृषि विभाग के सहयोग से देवास जिले के लिए एक विस्तृत कृषि रोडमैप तैयार किया गया है। उन्होंने बताया कि जिले की मिट्टी, जलवायु, जल उपलब्धता और स्थानीय परिस्थितियों का अध्ययन कर यह रोडमैप बनाया गया है, जिसका उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाना और आदर्श कृषि व्यवस्था विकसित करना है। बैठक में इस रोडमैप का प्रस्तुतीकरण भी किया गया। उन्होंने कहा कि सिफारिशों के आधार पर बेहतर बीजों, फसलों और बागवानी क्लस्टरों पर काम किया जाएगा। साथ ही किसान उत्पादक संगठनों के माध्यम से प्रोसेसिंग गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे किसानों की आय में वृद्धि हो सके।

 

केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि ग्रामीण विकास विभाग के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जा रही है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में देवास जिले में लगभग 35 हजार लखपति दीदियां हैं और अब 37 हजार नई महिलाओं को लखपति बनाने का लक्ष्य रखा गया है। बैठक में बैंकर्स के साथ इस विषय पर विस्तार से चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को प्रशिक्षण, बैंक लिंकेज और ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही जो महिलाएं अभी तक स्वयं सहायता समूहों से नहीं जुड़ी हैं, उन्हें भी जोड़ने का अभियान चलाया जाएगा। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि बैंकों से व्यक्तिगत महिलाओं को बड़े ऋण उपलब्ध कराने पर भी सहमति बनी है, जिससे वे स्वरोजगार और छोटे उद्योगों के माध्यम से अपनी आय बढ़ा सकें।

 

केन्द्रीय कृषि श्री मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि विकसित भारत जी-राम जी योजना के अंतर्गत गांवों को मिलने वाली राशि से गांवों के विकास कार्य किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि गांव की जनता स्वयं तय करेगी कि गांव में कौन-कौन से विकास कार्य कराए जाएं। इस योजना के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का तेजी से विकास होगा। वहीं उन्होंने कहा कि बैठक में छीपानेर लिफ्ट इरिगेशन योजना, मां रेवा लिफ्ट इरिगेशन योजना और अन्य सिंचाई परियोजनाओं की समीक्षा की गई। उन्होंने बताया कि एक महत्वपूर्ण योजना के लिए वन विभाग की मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही उसके कार्य शुरू होंगे, जिससे देवास जिले के गांवों तक पानी पहुंच सकेगा। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि पेयजल योजनाओं की भी समीक्षा की गई है। विशेष रूप से खातेगांव क्षेत्र में पेयजल परियोजनाओं की धीमी प्रगति पर चिंता व्यक्त की गई और संबंधित अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए गए हैं। जल निगम के अधिकारियों को भी परियोजनाओं की समीक्षा और जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।

 

 

केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि बैठक में तीन महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। पहला, देवास जिले को टीबी मुक्त बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। टीबी मरीजों को पोषण आहार और उपचार संबंधी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। दूसरा, आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत 70 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों और अन्य पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड अगले तीन महीने के भीतर बनाए जाएंगे, ताकि कोई भी व्यक्ति योजना के लाभ से वंचित न रहे। तीसरा, देवास जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।

केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में भी विशेष प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि ग्रामीण विकास विभाग की आरसेटी योजना के माध्यम से युवाओं को प्रशिक्षण देकर बैंक ऋण उपलब्ध कराया जाएगा और उन्हें स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा। इसके अलावा उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप कुशल मानव संसाधन तैयार करने के लिए विशेष प्रशिक्षण अभियान भी चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि दिशा समिति की बैठक बेहद रचनात्मक रही और देवास जिले को आधारभूत संरचना, कृषि, जनकल्याण और रोजगार के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे।

 

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आर सी/ पीयू


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