संचार मंत्रालय
केंद्रीय मंत्री श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने संसद में ग्राम पंचायतों को कनेक्टिविटी प्रदान करने में दूरसंचार विभाग की उपलब्धियों और आने वाले वर्षों के लिए विजन प्रस्तुत किया
दुनिया का सबसे बड़ा पूंजीगत व्यय ब्रॉडबैंड कार्यक्रम भारत भर में डिजिटल राजमार्ग बनाने के लिए तैयार: मंत्री श्री सिंधिया
संशोधित भारतनेट योजना के तहत ₹1.40 लाख करोड़ की लागत से देशव्यापी ब्रॉडबैंड राजमार्ग का निर्माण: मंत्री श्री सिंधिया
भारतनेट योजना के तहत हर घर तक फाइबर कनेक्टिविटी पहुंचाने का लक्ष्य, 1.5 करोड़ एफटीटीएच कनेक्शन के साथ, पहले ही लगभग 7 लाख किमी ओएफसी बिछाया जा चुका
भारतनेट उद्यमियों (बीएनयू) को पूंजीगत एवं परिचालन सब्सिडी तथा ग्रामीण कनेक्टिविटी को रोजगार एवं उद्यमिता से जोड़ने के लिए गुजरात ने 100% लक्ष्य हासिल किया
गुजरात सरकार एवं जीएफजीएनएल के बीच डिजिटल भारत निधि एवं बीएसएनएल के साथ चतुर्भुज समझौते के माध्यम से आगे विस्तार की तैयारी
प्रविष्टि तिथि:
29 JAN 2026 6:18PM by PIB Delhi
केंद्रीय संचार एवं उत्तर-पूर्वी क्षेत्र विकास मंत्री श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने आज राज्यसभा को सूचित किया कि ग्राम पंचायतों (जीपी) को कनेक्टिविटी प्रदान करने में दूरसंचार विभाग की प्रगति उल्लेखनीय रही है। उन्होंने भविष्य की रूपरेखा के बारे में रेखांकित करते हुए कहा कि भारतनेट भारत के डिजिटल परिवर्तन की रीढ़ बन चुका है।

सदन में एक प्रश्न के उत्तर में, केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सरकार का विजन प्रत्येक नागरिक को विश्वस्तरीय, तीव्र एवं विश्वसनीय ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी प्रदान करना है, जो शिक्षा, स्वास्थ्य, शासन, व्यवसाय एवं रोजगार में परिवर्तनकारी बदलाव सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि भारतनेट अब केवल एक कनेक्टिविटी परियोजना नहीं रह गया है, बल्कि यह ग्रामीण एवं शहरी भारत दोनों को सशक्त बनाने वाला राष्ट्रीय डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर है।
भारतनेट-1 एवं 2 के तहत 97% ग्राम पंचायत कनेक्टिविटी हासिल
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारतनेट-1 एवं भारतनेट-2 के तहत देश भर में 2.22 लाख से अधिक ग्राम पंचायतों को जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। अब तक लगभग 2.15 लाख ग्राम पंचायतें—अर्थात् लगभग 97%—को जोड़ा जा चुका है, जिसमें देशभर में करीब 7 लाख किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछाई गई है। इससे ग्रामीण भारत में ई-गवर्नेंस, डिजिटल भुगतान, ऑनलाइन शिक्षा, टेलीमेडिसिन एवं स्थानीय उद्यमिता को काफी मजबूती मिली है।
संशोधित भारतनेट: दुनिया का सबसे बड़ा ग्रामीण ब्रॉडबैंड विस्तार
श्री सिंधिया ने रेखांकित किया कि सरकार ने 2023 के अंत और 2024 में संशोधित भारतनेट योजना को मंजूरी दी, जो दुनिया का सबसे बड़ा पूंजीगत व्यय ब्रॉडबैंड कार्यक्रम है, जिसमें कुल ₹1.40 लाख करोड़ (लगभग 16 अरब अमेरिकी डॉलर) का प्रावधान है। यह योजना ग्राम पंचायतों तक ही सीमित नहीं रहेगी, बल्कि लगभग 6.5 लाख गांवों तक ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी का विस्तार करेगी।
मुख्य विशेषताओं में नेटवर्क आर्किटेक्चर को लीनियर से रिंग टोपोलॉजी में अपग्रेड करना शामिल है ताकि 100% उपलब्धता सुनिश्चित हो, लगभग 47,000 अतिरिक्त ग्राम पंचायतों को जोड़ना, तथा सभी घरों तक सीधे 25 एमबीपीएस ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी प्रदान करना। उन्होंने कहा कि नेटवर्क को जीपीओएन से एमपीएलएस तकनीक में बदलकर आधुनिक बनाया जा रहा है, साथ ही राज्य-स्तरीय नेटवर्क ऑपरेटिंग सेंटर्स (एस-एनओसी) और केंद्रीय नेटवर्क ऑपरेटिंग सेंटर (सी-एनओसी) की स्थापना 24×7 निगरानी के लिए की जा रही है। ये बदलाव नेटवर्क की विश्वसनीयता, गति एवं निरंतरता को कई गुना बढ़ाएंगे, जिससे डिजिटल सेवाओं में किसी भी व्यवधान को न्यूनतम किया जा सकेगा।
भारतनेट उद्यमी (बीएनयू) मॉडल से ग्रामीण रोजगार को बढ़ावा
केंद्रीय मंत्री ने सदन को सूचित किया कि सरकार ने ग्रामीण कनेक्टिविटी को रोजगार एवं उद्यमिता से जोड़ने के लिए भारतनेट उद्यमी (उद्यमी) मॉडल शुरू किया है। इस मॉडल के तहत अब तक 7,570 बीएनयू चयनित किए गए हैं, और शेष 3,80,000 से अधिक गांवों को मांग-आधारित मॉडल से जोड़ा जाएगा। अंतिम चरण की कनेक्टिविटी के समर्थन के लिए बीएनयू को पूंजीगत एवं परिचालन सब्सिडी प्रदान की जाएगी, जिससे नई स्वरोजगार अवसर पैदा होंगे और स्थानीय डिजिटल सेवा वितरण मजबूत होगा।
भारतनेट के माध्यम से देशभर में 1.5 करोड़ एफटीटीएच कनेक्शन का लक्ष्य
श्री सिंधिया ने कहा कि सरकार भारतनेट के माध्यम से देशभर में 1.5 करोड़ फाइबर-टू-द-होम (एफटीटीएच) कनेक्शन प्रदान करने का लक्ष्य रखे हुए है, जिसमें अब तक 14 लाख से अधिक कनेक्शन प्रदान किए जा चुके हैं। जैसे-जैसे नेटवर्क विस्तार जारी है, फाइबर कनेक्टिविटी हर घर तक पहुंचेगी, जिससे विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, स्टार्ट-अप्स एवं ई-कॉमर्स में नई संभावनाएं खुलेगी।
गुजरात ने 100% लक्ष्य हासिल किया, आगे विस्तार की तैयारी
गुजरात से संबंधित एक प्रश्न के उत्तर में, केंद्रीय मंत्री ने कहा कि राज्य ने चरण-I एवं चरण-II के राज्य-नियंत्रित कार्यक्रम के तहत 14,320 ग्राम पंचायतों को कवर करते हुए भारतनेट-2 के 100% लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल कर लिए हैं। संशोधित भारतनेट योजना के तहत 14,294 ग्राम पंचायतों के लिए आगे अपग्रेड कार्य चल रहे हैं, जिसमें 26 ग्राम पंचायत के लिए रिंग टोपोलॉजी रूपांतरण, 30,000 से अधिक गांवों में नई फाइबर बिछाना, तथा मांग-आधारित मॉडल पर 3,895 गांवों को जोड़ना शामिल है। इसके लिए लगभग ₹5,691 करोड़ का कुल निवेश निर्धारित किया गया है। इस संबंध में गुजरात सरकार एवं जीएफजीएनएल के बीच डिजिटल भारत निधि एवं बीएसएनएल के साथ चतुर्भुज समझौता पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
अपने उत्तर के समापन में, श्री सिंधिया ने जोर दिया कि भारतनेट एक परिवर्तनकारी राष्ट्रीय पहल है जो ग्रामीण भारत को आर्थिक एवं डिजिटल अवसरों की मुख्यधारा में एकीकृत करने का उद्देश्य रखती है, तथा भारत को एक सच्चे समावेशी डिजिटल राष्ट्र के रूप में उभरने का मार्ग प्रशस्त करती है।
Follow DoT Handles for more: -
X - https://x.com/DoT_India
Insta- https://www.instagram.com/department_of_telecom?igsh=MXUxbHFjd3llZTU0YQ==
Fb - https://www.facebook.com/DoTIndia
Youtube: https://youtube.com/@departmentoftelecom?si=DALnhYkt89U5jAaa
***
पीके/केसी/एमएम/एसएस
(रिलीज़ आईडी: 2220441)
आगंतुक पटल : 129
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें:
English